धनबाद: जिले में अपात्र लाभुकों के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन के निर्देश पर 23,612 लाभुकों के राशन कार्ड निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह कार्रवाई खाद्य, सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले विभाग के निर्देशों के तहत की जा रही है।
तीन श्रेणियों के लाभुक कार्रवाई के दायरे में
प्रशासन के अनुसार, “की परफॉर्मेंस इंडिकेटर” के आधार पर चिन्हित लाभुकों पर यह कार्रवाई की जा रही है। इनमें आयकरदाता, सरकारी नौकरी करने वाले तथा ग्रॉस टर्नओवर श्रेणी में आने वाले लोग शामिल हैं। झारखंड लक्षित जन वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश, 2024 के तहत ये सभी “एक्सक्लूजन क्राइटेरिया” के अंतर्गत आते हैं।
सबसे अधिक आयकरदाता लाभुक चिन्हित
जिला प्रशासन की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, कुल 23,612 लाभुकों में 21,996 आयकरदाता, 1,493 ग्रॉस टर्नओवर श्रेणी के लाभुक तथा 123 सरकारी नौकरी करने वाले व्यक्ति शामिल हैं। इन सभी के राशन कार्ड उनके परिवार के सदस्यों सहित निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
परिवार के सभी सदस्यों पर भी होगा प्रभाव
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिन लाभुकों का राशन कार्ड निरस्त किया जाएगा, उनके साथ जुड़े परिवार के सभी सदस्यों का नाम भी राशन कार्ड से हटाया जाएगा। यह कार्रवाई राज्य सरकार द्वारा निर्धारित पात्रता एवं अपात्रता मानकों के अनुरूप की जा रही है।
पात्र लाभुकों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर जोर
जिला प्रशासन का कहना है कि इस कार्रवाई का उद्देश्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाना है, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ केवल पात्र और जरूरतमंद परिवारों तक ही पहुंच सके। इसके लिए विभाग द्वारा चिन्हित लाभुकों के विरुद्ध नियमानुसार आगे की प्रक्रिया जारी रहेगी।

