धनबाद: जिले में किसानों की आय बढ़ाने और रोजगार के नए अवसर सृजित करने के उद्देश्य से मशरूम की बड़े पैमाने पर खेती को बढ़ावा देने की तैयारी शुरू हो गई है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन ने शुक्रवार को समाहरणालय सभागार में आयोजित एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजी मैनेजमेंट एजेंसी (आत्मा) की गर्वनिंग बॉडी की बैठक में संबंधित अधिकारियों को इस संबंध में विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया।
बड़े मशरूम यूनिट लगाने की तैयारी
बैठक में उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन किसानों को आत्मनिर्भर बनाने और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए जिले में बड़े स्तर पर मशरूम उत्पादन इकाइयों की स्थापना की दिशा में कार्य करेगा। इसके लिए अधिकारियों को व्यवहारिक योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।
किसान पखवाड़ा आयोजित करने के निर्देश
उपायुक्त ने अधिकारियों को किसान पखवाड़ा आयोजित कर किसानों से सीधे संवाद करने और यह जानने के निर्देश दिए कि जिले की जलवायु एवं परिस्थितियों के अनुसार कौन-कौन सी फसलें बेहतर हो सकती हैं। उन्होंने कहा कि किसानों की राय के आधार पर उन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
15 अगस्त से पहले होगा कृषक मित्रों का चयन
बैठक के दौरान किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए विशेष बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया गया। साथ ही जिले में कृषक मित्रों की चयन प्रक्रिया 15 अगस्त से पहले पूरी करने के निर्देश भी दिए गए।
कृषि योजनाओं की हुई समीक्षा
बैठक में आत्मा एवं राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा एवं पोषण मिशन (NFSM) के तहत संचालित योजनाओं की समीक्षा की गई। किसानों के प्रशिक्षण, कृषि भ्रमण, किसान मेला, किसान-वैज्ञानिक संवाद, किसान गोष्ठी, कृषक पाठशाला, बीज उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए 20 बीज उत्पादक किसान समूहों के गठन तथा मिशन फॉर आत्मनिर्भर पल्सेस समेत कई योजनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में उप विकास आयुक्त सन्नी राज, जिला कृषि पदाधिकारी अभिषेक मिश्रा, डीएलएओ राम नारायण खालको, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों सहित कृषि विभाग के विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे।

