झरिया। झरिया विधानसभा क्षेत्र के लोदना अंतर्गत लिलोरी पथरा में भू-धंसान की घटना के बाद सोमवार को झरिया विधायक रागिनी सिंह ने प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने घटनास्थल की स्थिति का जायजा लेने के साथ वहां रह रहे प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं।
निरीक्षण के दौरान विधायक ने क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था और प्रभावित परिवारों के पुनर्वास को लेकर बीसीसीएल प्रबंधन पर गंभीर सवाल उठाए।
रेड जोन घोषित होने के बावजूद परिवारों के रहने पर सवाल

विधायक रागिनी सिंह ने कहा कि संबंधित क्षेत्र को पहले ही रेड जोन घोषित किया जा चुका है। इसके बावजूद वहां रह रहे परिवारों को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित नहीं किए जाने पर उन्होंने नाराजगी जताई।
उन्होंने आरोप लगाया कि कई बार शिकायत और मांग किए जाने के बावजूद प्रभावित परिवारों को बेलगढ़िया या कर्माटांड़ जैसे पुनर्वास स्थलों पर शिफ्ट करने की प्रक्रिया पूरी नहीं की गई।
BCCL अधिकारियों को एक सप्ताह का अल्टीमेटम
निरीक्षण के दौरान विधायक ने बीसीसीएल के एरिया जीएम, एजेंट और अन्य अधिकारियों को मौके पर बुलाया। उन्होंने अधिकारियों को प्रभावित परिवारों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
रागिनी सिंह ने कहा कि लिलोरी पथरा में बचे हुए सभी परिवारों के सुरक्षित पुनर्वास की प्रक्रिया एक सप्ताह के भीतर पूरी की जानी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि लोगों की जान को जोखिम में डालने वाली किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
भू-धंसान स्थल की भराई और प्रवेश रोकने की मांग
विधायक ने अधिकारियों से भू-धंसान वाले स्थल की तत्काल भराई कराने की मांग की। साथ ही उन्होंने घटनास्थल पर लोगों के प्रवेश को रोकने के लिए आवश्यक व्यवस्था करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्र में किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाने जरूरी हैं। विधायक ने पुनर्वास कार्य में देरी नहीं करने पर भी जोर दिया।
स्थानीय लोगों ने विधायक के सामने रखीं समस्याएं
निरीक्षण के दौरान प्रभावित क्षेत्र के स्थानीय लोगों ने विधायक रागिनी सिंह के सामने अपनी समस्याएं और भय की स्थिति रखी। स्थानीय लोगों ने क्षेत्र में भू-धंसान के कारण उत्पन्न खतरे को लेकर चिंता जताई।
इस मौके पर सेलो पासवान, रामाधार सिंह और बबलू भगत समेत बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
विधायक रागिनी सिंह ने प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहयोग का भरोसा देते हुए कहा कि लोगों की सुरक्षा और सुरक्षित पुनर्वास उनकी प्राथमिकता है।

