धनबाद। जिले के सुदामडीह थाना क्षेत्र के भौरा स्थित गोरखुटी पानी टंकी के समीप बीसीसीएल के एक खाली क्वार्टर में नाबालिग किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म किए जाने का आरोप सामने आया है। घटना गुरुवार शाम की बताई जा रही है। मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
पीड़िता के परिजनों की शिकायत के आधार पर चार युवकों को आरोपी बनाया गया है। घटना के बाद सभी आरोपी फरार बताए जा रहे हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं।
भाई के दोस्त पर किशोरी को क्वार्टर ले जाने का आरोप
परिजनों के अनुसार, किशोरी पर्शियाबाग गई हुई थी। वहां से उसने अपने भाई को फोन कर घर ले जाने के लिए कहा। भाई दुकान में व्यस्त था, इसलिए उसने अपने दोस्त संजू रवानी से किशोरी को घर पहुंचाने के लिए कहा।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि संजू रवानी किशोरी को बीसीसीएल के एक खाली क्वार्टर में ले गया। वहां पहले से तीन अन्य युवक मौजूद थे। परिजनों के अनुसार, क्वार्टर में मौजूद युवकों ने किशोरी को धमकी दी और उसके साथ कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया।
घटना के बाद चारों आरोपी मौके से फरार हो गए। किशोरी ने घर पहुंचकर अपनी मां को घटना की जानकारी दी, जिसके बाद परिजनों ने पुलिस से लिखित शिकायत की।
कई थाना क्षेत्रों की पुलिस कर रही छापेमारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए सुदामडीह थाना प्रभारी आकृष्ट अमन के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आरोपियों के संभावित ठिकानों पर छापेमारी की। हालांकि, अब तक किसी आरोपी की गिरफ्तारी की सूचना नहीं है। पुलिस कुछ लोगों से पूछताछ भी कर रही है।
आरोपियों की तलाश के लिए विभिन्न थाना क्षेत्रों की पुलिस टीमों को भी अभियान में लगाया गया है। इसमें जोड़ापोखर थाना प्रभारी उदय कुमार गुप्ता, पाथरडीह थाना प्रभारी बिट्टू कुमार, घनुआडीह थाना प्रभारी पंकज कुमार और बलियापुर थाना प्रभारी सत्यजीत कुमार समेत अन्य पुलिस अधिकारी शामिल हैं।
पीड़िता को मेडिकल जांच के लिए भेजा गया
पुलिस के अनुसार, किशोरी को मेडिकल जांच के लिए धनबाद भेजा गया है। पुलिस मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार कार्रवाई जारी है।
सिंदरी एसडीपीओ जयप्रकाश महतो ने बताया कि पीड़िता के परिजनों की ओर से दुष्कर्म की शिकायत दी गई है। मामले में शामिल लोगों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है। पीड़िता को मेडिकल जांच के लिए भेजा गया है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

