भुगतान के आश्वासन के बाद ठेकेदारों का बहिष्कार खत्म, धनबाद में 72 ग्रुप के टेंडर की प्रक्रिया शुरू

भुगतान के आश्वासन के बाद ठेकेदारों का बहिष्कार खत्म, धनबाद में 72 ग्रुप के टेंडर की प्रक्रिया शुरू

धनबाद/गिरिडीह: लंबित भुगतान को लेकर टेंडर प्रक्रिया का बहिष्कार कर रहे ठेकेदारों ने अधिकारियों के आश्वासन के बाद अपना बहिष्कार खत्म कर दिया है। इसके बाद बुधवार को 72 ग्रुप के टेंडर की प्रक्रिया शांतिपूर्वक शुरू हुई।

ठेकेदारों का कहना है कि अधिकारियों की ओर से लंबित भुगतान कराने का भरोसा दिया गया है। इसी आश्वासन के बाद सभी की सहमति से टेंडर के पेपर लिए जा रहे हैं।

भुगतान के मुद्दे पर पहले किया था टेंडर का बहिष्कार

दरअसल, पिछले दिनों लंबित भुगतान के मुद्दे को लेकर ठेकेदारों ने टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा लेने से इनकार कर दिया था। ठेकेदारों की मांग थी कि लंबे समय से लंबित भुगतान की समस्या का समाधान किया जाए।

बहिष्कार के बाद अधिकारियों और ठेकेदारों के बीच बातचीत हुई। बातचीत के दौरान अधिकारियों की ओर से भुगतान कराने का आश्वासन दिए जाने की बात ठेकेदारों ने कही। इसके बाद बहिष्कार समाप्त करने पर सहमति बनी।

72 ग्रुप के टेंडर में शामिल हुए ठेकेदार

बहिष्कार खत्म होने के बाद आज 72 ग्रुप के टेंडर की प्रक्रिया में ठेकेदारों ने हिस्सा लिया। टेंडर के लिए पेपर लेने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।

मौके पर मौजूद ठेकेदार लक्ष्मण सिंह ने बताया कि सभी की सहमति से पेपर लिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारियों ने ठेकेदारों की मांग पूरी करने और लंबित भुगतान कराने का भरोसा दिया है।

लक्ष्मण सिंह ने बताया क्यों खत्म किया बहिष्कार

ठेकेदार लक्ष्मण सिंह ने कहा कि सभी लोगों की सहमति से आज टेंडर के पेपर लिए जा रहे हैं। उनके अनुसार अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि ठेकेदारों की मांग पूरी की जाएगी और भुगतान किया जाएगा।

इसी आश्वासन के बाद ठेकेदारों ने पिछले दिनों शुरू किया गया टेंडर बहिष्कार खत्म कर दिया।

अब लंबित भुगतान पर टिकी नजर

फिलहाल अधिकारियों के आश्वासन के बाद टेंडर प्रक्रिया दोबारा शुरू हो गई है। अब ठेकेदारों की नजर लंबित भुगतान के समाधान पर है।

ठेकेदारों को उम्मीद है कि अधिकारियों के आश्वासन के अनुसार भुगतान की समस्या का समाधान होगा। साथ ही 72 ग्रुप के टेंडर की प्रक्रिया आगे बढ़ने के बाद संबंधित कार्यों में भी तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है।

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