धनबाद। भवन प्रमंडल विभाग के कार्यालय में टेंडर को लेकर विवाद के बाद जमकर मारपीट होने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि भवन प्रमंडल की ओर से ऑनलाइन करीब ढाई करोड़ रुपये का टेंडर निकाला गया था। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद जमशेदपुर से पहुंचे एक संवेदक एग्रीमेंट की प्रक्रिया के लिए भवन प्रमंडल कार्यालय पहुंचे थे।
इसी दौरान स्थानीय संवेदकों की ओर से विरोध किए जाने के बाद मामला बढ़ गया और विवाद मारपीट में बदल गया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दो लोगों को हिरासत में लिया।
ढाई करोड़ के टेंडर को लेकर बढ़ा विवाद
जानकारी के अनुसार, भवन प्रमंडल की ओर से करीब ढाई करोड़ रुपये का ऑनलाइन टेंडर निकाला गया था। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद जमशेदपुर से संवेदक एग्रीमेंट के सिलसिले में भवन प्रमंडल कार्यालय पहुंचे थे।
बताया जा रहा है कि इसी दौरान कुछ स्थानीय संवेदकों ने इसका विरोध किया। विरोध के बीच दोनों पक्षों में विवाद बढ़ गया और देखते ही देखते मारपीट शुरू हो गई।
घटना के बाद भवन प्रमंडल कार्यालय परिसर में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
पुलिस ने दो लोगों को लिया हिरासत में
मारपीट की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मामले में दो लोगों को हिरासत में लिया है। घटना के बाद मामला धनबाद थाना पहुंच गया है।
पुलिस की ओर से मामले की जानकारी जुटाई जा रही है। घटना किन परिस्थितियों में हुई और मारपीट में कौन-कौन लोग शामिल थे, इसकी जांच की जा रही है।
स्थानीय संवेदकों ने उठाया बाहरी लोगों का मुद्दा
विवाद के बाद स्थानीय संवेदकों ने आरोप लगाया कि धनबाद के लोगों को ही काम नहीं मिल रहा है। उनका कहना है कि ऐसी स्थिति में बाहरी संवेदकों द्वारा टेंडर डाला जाना उचित नहीं है।
स्थानीय संवेदकों की इसी आपत्ति को विवाद की मुख्य वजह बताया जा रहा है। हालांकि, टेंडर प्रक्रिया और विवाद से जुड़े अन्य तथ्यों की आधिकारिक जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
भवन प्रमंडल ने गठित की जांच टीम
मामले को लेकर भवन प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता चंदन कुमार ने बताया कि घटना की जानकारी मिली है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच के लिए टीम गठित की गई है।
उनके अनुसार, जांच के बाद यह स्पष्ट हो सकेगा कि भवन प्रमंडल कार्यालय परिसर में घटना किन परिस्थितियों में हुई और विवाद की वास्तविक वजह क्या थी।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ की जा रही है।

