धनबाद। धनबाद स्थित बीएसएस महिला कॉलेज के शिक्षकेतर कर्मचारियों ने बकाया वेतन और लंबित परीक्षा पारिश्रमिक के भुगतान की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें पिछले छह महीने से वेतन नहीं मिला है। इसके अलावा वर्ष 2021 से 2023 के बीच आयोजित परीक्षाओं में किए गए कार्य का पारिश्रमिक भी अब तक लंबित है।
कर्मचारियों ने महाविद्यालय प्रशासन से उनकी समस्याओं का जल्द समाधान करने और बकाया राशि का भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की है।
छह महीने के बकाया वेतन का भुगतान करने की मांग
हड़ताल कर रहे शिक्षकेतर कर्मचारियों की प्रमुख मांग पिछले छह महीने के बकाया वेतन का भुगतान है। कर्मचारियों का कहना है कि समय पर वेतन नहीं मिलने से उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उनका आग्रह है कि महाविद्यालय प्रशासन इस मामले में शीघ्र कार्रवाई करे।
परीक्षा पारिश्रमिक भी अब तक लंबित
कर्मचारियों ने वर्ष 2021 से 2023 के बीच आयोजित परीक्षाओं में किए गए कार्य के बदले मिलने वाली पारिश्रमिक राशि का भुगतान करने की भी मांग की है। उनका दावा है कि इस अवधि की राशि अब तक नहीं मिली है।
कर्मचारियों के अनुसार, इस मुद्दे पर प्राचार्य से बातचीत करने पर उन्हें कथित तौर पर कहा गया कि वे इस बात को भूल जाएं, क्योंकि इससे कोई फायदा नहीं होगा। हालांकि, इस कथित बयान की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
प्राचार्य की अनुपस्थिति पर कर्मचारियों ने उठाए सवाल
कर्मचारियों का आरोप है कि बकाया वेतन की मांग उठाने के बाद प्राचार्य बिना सूचना के अनुपस्थित हो गए। इससे कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान और प्रशासन के साथ संवाद को लेकर सवाल खड़े हुए हैं। इस संबंध में महाविद्यालय प्रशासन का पक्ष सामने आना बाकी है।
समस्याओं के समाधान और संवाद की मांग
हड़ताल कर रहे कर्मचारियों ने महाविद्यालय प्रशासन से लंबित समस्याओं पर गंभीरता से विचार करने और समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की है। कर्मचारियों का कहना है कि उनकी मांगों पर स्पष्ट निर्णय लिया जाना चाहिए, ताकि विवाद का समाधान हो सके।
दुर्गा पूजा से पहले आर्थिक परेशानी
कर्मचारियों ने वेतन और बकाया राशि के भुगतान में देरी से परिवारों पर पड़ने वाले आर्थिक दबाव का मुद्दा भी उठाया है। उनका कहना है कि त्योहार के समय वेतन नहीं मिलने से दुर्गा पूजा की तैयारियां प्रभावित हो सकती हैं। अब देखना होगा कि महाविद्यालय प्रशासन कर्मचारियों की मांगों पर कब तक कार्रवाई करता है।
स्थान: बी.एस.एस. महिला कॉलेज, धनबाद।
संपादकीय नोट: प्राचार्य की अनुपस्थिति और कथित बयान से जुड़े आरोपों को प्रकाशित करने से पहले महाविद्यालय प्रशासन का पक्ष लेना उचित होगा।

