1 जुलाई से पासपोर्ट के लिए देनी होगी ज्यादा फीस, सरकार ने बदले नियम

1 जुलाई से पासपोर्ट के लिए देनी होगी ज्यादा फीस, सरकार ने बदले नियम

केंद्र सरकार ने पासपोर्ट नियम, 1980 में संशोधन करते हुए पासपोर्ट शुल्क की नई व्यवस्था लागू करने का फैसला किया है। नए नियमों के तहत 36 पृष्ठों वाले सामान्य पासपोर्ट के लिए आवेदन शुल्क 1,500 रुपये से बढ़ाकर 2,500 रुपये कर दिया गया है।

सरकार द्वारा जारी संशोधित शुल्क संरचना के अनुसार, यह नई दरें 1 जुलाई, 2026 से प्रभावी होंगी। यानी इस तारीख के बाद नए पासपोर्ट के लिए आवेदन करने वाले लोगों को बढ़ी हुई फीस का भुगतान करना होगा। सरकार का कहना है कि संशोधित नियमों के तहत पासपोर्ट सेवाओं की शुल्क व्यवस्था को अपडेट किया गया है।

विदेश मंत्रालय की ओर से गुरुवार को प्रकाशित 20 जून की अधिसूचना के अनुसार, 36 पृष्ठों वाले सामान्य नए पासपोर्ट या पासपोर्ट को दोबारा जारी करवाने के लिए तत्काल सेवा का शुल्क 5000 रुपये होगा।

पासपोर्ट बनाने का शुल्क कितना बढ़ाया

बता दें कि अभी इस श्रेणी में तत्काल सेवा के लिए शुल्क 3500 रुपये है। इसी तरह 60 पृष्ठों वाले सामान्य नए पासपोर्ट या पासपोर्ट को दोबारा जारी करवाने के लिए आवेदन शुल्क 2000 रुपये से बढ़ाकर 3500 रुपये कर दिया गया है और तत्काल सेवा के लिए नया शुल्क 6000 रुपये होगा, जबकि पहले इसी श्रेणी के लिए यह शुल्क 4000 रुपये था।

एक दशक में पासपोर्ट नेटवर्क छह गुना बढ़ चुका है

14वां पासपोर्ट सेवा दिवस मनाए जाने के अवसर पर विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने बुधवार को बताया कि सरकार पासपोर्ट सेवाओं को सुगम बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। पिछले एक दशक में पासपोर्ट नेटवर्क छह गुना बढ़ चुका है। देशभर में अब 500 से अधिक पासपोर्ट केंद्र कार्यरत हैं।

अकेले 2025 में 1.5 करोड़ पासपोर्ट तथा संबंधित सेवाएं प्रदान की गई हैं। इनमें से केवल पासपोर्टों की संख्या 1.39 करोड़ रही। उल्लेखनीय है कि पासपोर्ट मुख्य रूप से यात्रा का दस्तावेज है, न कि नागरिकता का प्रमाण।

देशभर में 545 पासपोर्ट केंद्र

अधिकारी ने बताया कि पुलिस सत्यापन को छोड़कर पासपोर्ट जारी करने में औसतन छह कार्य दिवस लगते हैं। पासपोर्ट सेवा केंद्रों और पोस्ट आफिस पासपोर्ट सेवा केंद्रों में आवेदकों द्वारा बिताया जाने वाला समय 45 मिनट से भी कम है। आज देशभर में 545 पासपोर्ट केंद्र मौजूद हैं, जबकि 10 वर्ष पहले इनकी संख्या केवल 77 थी।

अधिकारी ने बताया कि इस प्रकार पासपोर्ट केंद्रों की संख्या में लगभग छह गुना वृद्धि दर्ज की गई है। हमने पिछले साल 10 पोस्ट आफिस पासपोर्ट सेवा केंद्र खोले थे और इस साल 10 और केंद्र खोले जाएंगे। 

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *