नई दिल्ली: सिंगर और अभिनेता दिलजीत दोसांझ ने जंतर-मंतर पर हुए छात्रों के प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि छात्रों की आवाज सुनी जानी चाहिए और उनके साथ जिस तरह का व्यवहार किया गया, वह सही नहीं है।
दिलजीत ने सोशल मीडिया पर कहा कि अगर छात्रों के समर्थन में बोलने पर उन्हें फिर से ‘देशद्रोही’ कहा जाता है, तो भी उन्हें इसकी परवाह नहीं है। उनके मुताबिक, सबसे जरूरी बात यह है कि छात्रों की समस्याओं और मांगों को गंभीरता से सुना जाए।
बता दें कि 20 जुलाई को CJP जंतर-मंतर से संसद मार्च करने वाली थी, जिसके लिए 19 जुलाई की रात से ही वहां भीड़ जमा हो गई। हालांकि, अगले दिन सुबह प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की हो गई। छात्रों और प्रदर्शनकारियों पर पुलिस बल ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े। हालात बेकाबू हो गए। इसमें कई पुलिसवालों के साथ-साथ प्रदर्शनकारियों और छात्रों को चोटें भी आईं। इसकी कई सेलेब्स ने निंदा की, जिसमें प्रकाश राज, अनुराग कश्यप, दीया मिर्जा, स्वरा भास्कर और विशाल ददलानी जैसे नाम शामिल हैं। और अब दिलजीत दोसांझ ने भी रिएक्ट किया है।
दिलजीत दोसांझ ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर लिखा, ‘आज जो होया, वो बहुत खराब हुआ। छात्रों के साथ ऐसा बर्ताव नहीं होना चाहिए था। मैं अथॉरिटीज से रिक्वेस्ट करता हूं कि छात्रों की मांगों को सुन लिया जाए। जनता की आवाज रब दी आवाज होती है।’
बता दें कि दिलजीत दोसांझ ने फिर साल 2020 के किसान आंदोलन को याद किया, जब उनकी खूब आलोचना की गई थी और ‘देशद्रोही’ का टैग दे दिया गया था। उन्होंने लिखा “आज जो होया, वो बहुत खराब हुआ। छात्रों के साथ ऐसा बर्ताव नहीं होना चाहिए था। मैं अथॉरिटीज से रिक्वेस्ट करता हूं कि छात्रों की मांगों को सुन लिया जाए। जनता की आवाज रब दी आवाज होती है”
किसान आंदोलन के वक्त झेली थी आलोचना
बता दें कि 2020 में किसान आंदोलन के वक्त दिलजीत दोसांझ ने उनका खुलकर समर्थन किया था। उन्होंने तब सिंघु बॉर्डर पहुंचकर किसानों की मदद के लिए 1 करोड़ रुपये भी दान किए थे। साथ ही केंद्र सरकार से उनकी मांगे पूरी करने की गुजारिश की थी। दिलजीत ने कई मौकों पर किसानों के लिए सरकार को घेरा, और इस वजह से उन्हें ‘देशद्रोही’ कहा गया था। इस बार उन्होंने लिखा
“मुझ पर तो पहले ही देशद्रोही का टैग बहुत बार लग चुका। अभी भी मुझे देशद्रोही ही कहा जाएगा। किसान आंदोलन के बाद मैंने बहुत झेला, बहुत गालियां और कानूनी दिक्कतें झेलीं, जिनके बारे में मैं बता भी नहीं सकता। बाकी रब सब देख रहा है”-दिलजीत दोसांझ, सिंगर

