दो बार ‘श्रम श्री पुरस्कार’ से सम्मानित रामेश्वर तिवारी ‘बाबा’ का जीवन रहा कर्मठता, स्पष्टता और सामाजिक सहभागिता की मिसाल
जामताड़ा: कुछ व्यक्तित्व अपने काम, व्यवहार और सामाजिक जुड़ाव से ऐसी पहचान बनाते हैं, जो उनके जाने के बाद भी लोगों की स्मृतियों में जीवित रहती है। दो बार ‘श्रम…
