धनबाद। राम मंदिर निर्माण के लिए मिले चंदे और मंदिर से जुड़े जमीन सौदों को लेकर कांग्रेस ने प्रेस वार्ता कर कई सवाल उठाए। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि राम मंदिर करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़ा विषय है और देशभर के लोगों ने अपनी श्रद्धा के अनुसार मंदिर निर्माण के लिए चंदा और दान दिया है।
पार्टी ने मंदिर ट्रस्ट से जुड़े चंदे और कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने चंपत राय से जुड़े कथित लेन-देन और मंदिर के चंदे को लेकर भी सवाल उठाए। हालांकि, प्रेस वार्ता में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
जमीन खरीद और कथित लेन-देन की जांच की मांग

कांग्रेस नेताओं ने राम मंदिर से जुड़ी जमीन की खरीद-बिक्री और डीड को लेकर भी सवाल खड़े किए। पार्टी की ओर से कुछ जमीन सौदों और कथित तौर पर करोड़ों रुपये के लेन-देन का उल्लेख किया गया।
कांग्रेस ने इन मामलों की जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि मंदिर निर्माण के लिए प्राप्त धन और उससे जुड़े लेन-देन में पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए।
चांदी की ईंटों और बैंक प्रक्रिया पर भी सवाल
प्रेस वार्ता में कांग्रेस नेताओं ने सिंधी समाज की ओर से दान की गई चांदी की ईंटों को लेकर भी सवाल उठाए। इसके अलावा मंदिर के चंदे को बैंक में जमा कराने की प्रक्रिया और भारतीय स्टेट बैंक से जुड़े कथित मामले का भी उल्लेख किया गया।
कांग्रेस ने मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और CCTV फुटेज को लेकर भी सवाल उठाए। नेताओं ने कुछ मामलों के सामने आने का दावा किया, हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है।
MMDR बिल और खाद अधिनियम 2026 का विरोध
राम मंदिर से जुड़े मुद्दों के अलावा कांग्रेस ने MMDR बिल और खाद अधिनियम 2026 का भी विरोध किया। पार्टी का कहना है कि इन कानूनों के प्रावधानों से आम लोगों, किसानों और संबंधित वर्गों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार से इन प्रावधानों पर पुनर्विचार करने और प्रभावित वर्गों के हितों को प्राथमिकता देने की मांग की।
कांग्रेस ने उठाई जांच और पारदर्शिता की मांग
प्रेस वार्ता में कांग्रेस नेता शाहजहां अनवर ने कहा कि राम मंदिर लोगों की आस्था से जुड़ा विषय है। ऐसे में मंदिर निर्माण के लिए मिले चंदे और जमीन से जुड़े लेन-देन में पूरी पारदर्शिता होनी चाहिए।
कांग्रेस ने राम मंदिर चंदे, जमीन सौदों और कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच की मांग दोहराई। साथ ही पार्टी ने MMDR बिल और खाद अधिनियम 2026 को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया।

