हजारीबाग हवलदार मर्डर केस में SIT गठित:रेप और मर्डर केस में ताउम्र सजा काटने वाले MOST WANTED भगौड़े अपराधी शाहिद को झारखंड पुलिस को है तलाश..

धनबाद,हजारीबाग (DHANBAD/HAJARIBAGH) चासनाला साउथ कॉलोनी का शाहिद अंसारी हजारीबाग के सदर अस्पताल के कैदी वार्ड से फरार हो गया। भागने से पूर्व उसने सुरक्षा में तैनात हवलदार की हत्या कर दी। हत्या में ताउम्र 20 साल कैद की सजा काट रहा शाहिद हजारीबाग सेंट्रल जेल में बंद था। इलाज के लिए उसे 25 जुलाई को अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

हजारीबाग अस्पताल में स्लाइन के पाइप से हवलदार का गला घोंटा

रविवार की रात 11:40 बजे सुरक्षा में तैनात हवलदार गिरिडीह के बेंगाबाद में रहने वाले चोहन हेंब्रम को पहले स्लाइन स्टैंड से मारकर जख्मी किया। उसके अचेत हवलदार चोहन हेम्ब्रम होने के बाद शाहिद ने स्लाइन पाइप से हवलदार का गला घोंट कर उसे मार डाला। हत्या के बाद हवलदार की जेब से चावी निकालकर हथकड़ी खोल ली। फिर हवलदार के शव को बेड पर छोड़ कर कैदी वार्ड के दरवाजे को डथकड़ी से लॉक कर फरार हो गया। रात 1:15 बजे कैदी बार्ड से पैदल जाने के दौरान उसकी तस्वीर सीसीटीवी कमरे में कैद हुई है। उसे 2019 में धनबाद से हजारीबाग ब्ल भेजा गया था।शाहिद ने अपने शरीर के दाहिने हिस्से में झनझनाहट का इलाज एम्स में कराने के लिए आवेदन दिया था।

बीमारी का बहाना बनाकर अस्पताल में 18 दिनों से था इलाजरत

कोर्ट ने आवेदन अस्वीकार करते हुए उसे 25 जुलाई को हजारीबाग प्रमंडलीय सदर अस्पताल में इलाज के लिए भेजा। 18 दिनों से वह वहां इलाजरत था। मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों को प्रथमदृष्टया कोई बीमारी नहीं दिखी, तो एमआरआई जांच भी कराई गई। उसमें भी कोई बीमारी नहीं पाई गई। इसके बाद मेडिकल बोर्ड ने शनिवार को रिम्स रेफर कर दिया। रिम्स जाने से पहले उसने इस घटना को अंजाम दिया। चिकित्सकों के मुताबिक, वह स्पाइनल प्रॉब्लम बताकर अस्पताल में एडमिट था। इससे फूट ड्रॉप की प्रॉब्लम हो रही थी। इसलिए एक पैर काम नहीं करने की बात कहकर वह लाठी के सहारे चल रहा था, जबकि भागने के समय बिल्कुल स्वस्थ तरीके से बगैर लाठी के चलकर गया।

शाहिद के घर सुबह पाथरडीह व रात में हजारीबाग पुलिस के छापे

घटना के बाद हजारीबाग एसपी अरविंद कुमार सिंह, फारेंसिक टीम समेत कई पदाधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। फरार हत्यारे को गिरफ्तार करने के लिए पूरे इलाके में ऑपरेशन चलाया जा रहा है। वहीं, हजारीबाग पुलिस की सूचना पर धनबाद की पाथरडीह पुलिस शाहिद के घर चासनाला स्थित साउथ कॉलोनी पहुंची। आरोपी की मां मोमिना खातून, पत्नी गुलशन परवीन, उसकी पुत्री अफसाना खातून पूछताछ की। पुलिस ने आरोपी के घर से एक मोबाइल जब्त किया है। फिर रात में हजारीबाग पुलिस भी शाहिद के घर पहुंची और तलाशी ली।
दो दिन पहले अस्पताल में शाहिद मिलकर लौटी थी मांःशाहिद की मां मोमिना खातून ने बताया कि एक सप्ताह पहले जेल से फोन आया था। बताया गया कि वह बीमार है। जेल अस्पताल से उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूचना मिलने के बाद चार दिन पहले वह बेटा से मिलने अस्पताल गई थी। वहां उससे मुलाकात हुई। मां का कहना है कि घटना पर उसे विश्वास नहीं हो रहा। वह भाग नहीं सकता। शाहिद के पिता अजीज मियां का पूर्व में इंतकाल हो चुका है। घर में मां के अलावा पत्नी और बेटी हैं।

फरार कैदी शाहिद पर रेप और मर्डर का आरोप…मोस्ट वांटेड शहीद का जानिए करतूत…रेप व मर्डर के इन दो केसों में सजायाफ्ता था शाहिद..धनबाद कोर्ट ने सुनायी थी सजा

शाहिद अंसारी के खिलाफ सुदामडीह थाने में दुष्कर्म व पोक्सो एक्ट के दो मामले और पत्थरडीह थाना में हत्या का एक मामला दर्ज है. धनबाद न्यायालय में शाहिद को उम्रकैद की सजा सुनायी थी. वर्तमान में वह हजारीबाग जेपी केंद्रीय कारा में पांच साल से उम्रकैद की सजा काट रहा था.

15 अगस्त 2017 में स्वतंत्रता दिवस के दिन नाबालिग छात्रा डीएवी स्कूल पाथरडीह में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेकर सहेलियों के साथ घर वापस लौट रही थी। शाहिद अपने दो नाबालिग सहयोगियों के साथ हथियार के बल पर छात्रा को अगवा कर लिया था। उसे जंगल में ले गया, जहां तीनों ने उससे दुष्कर्म किया। इसके बाद चेहर को पत्थर से कुचलने के बाद डंपिंग यार्ड में फेंक दिया था। घटना के बाद नाबालिग की आवाज चली गई थी। काफी इलाज के बाद आवाज वापस लौटी। मामले में धनबाद न्यायालय ने 15 जनवरी 2019 में शाहिद 20 साल कैद की सुनाई थी।

13 दिसंबर 2018 को शाहिद 2. चोरी की नीयत से पड़ोस के शिक्षक सोनू सरदार के घर में घुसा था। सोनू की मां सरजीत कौर अकेली थी। शाहिद को उसने पहचान लिया। इसके बाद शाहिद ने सरजीत कौर का गला रेत कर उसकी जान ले ली। इसके बाद शव को घर के अंदर पानी टंकी में डाल कर पत्थर से दबा दिया था। घटना को लेकर पाथरडीह थाने मामला दर्ज हुआ था। इस मामले में उसे उम्रकैद की सजा हुई थी।

इन मामलों में सजायफ्ता है शाहिद
सुदामडीह थाना काण्ड संख्या- 40/2017, धारा-341/323/324/ 307/354/376 डी-34 भा.द.वि एवं 8/12 पोक्सों एक्ट. सजा- 20 वर्ष है.

पाथरडीह थाना काण्ड संख्या-40/2018, धारा-302/201/382 भा.द.वि. सजा-आजीवन कारावास.

हजारीबाग जेपी केंद्रीय कारा के अधीक्षक जितेंद्र कुमार के अनुसार सजायाफ्ता कैदी शाहिद अंसारी के दायें पैर में जख्म था,मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के कैदी वार्ड में भर्ती था. सजायाफ्ता बंदी मो शाहिद अंसारी द्वारा हवालदार की हत्यां करने के मामले में आइजी, बोकारो माइकल एस राज के निर्देश पर पुलिस उपाधीक्षक सीसीआर, हजारीबाग मनोज कुमार सिंह के नेतृत्व में एसआइटी गठित की गयी है. आइजी माइकल एस राज बताया कि अपराधी के छिपने के सभी ने संभावित इलाकों में सघन छापेमारी की जा रही है. आइजी ने बताया कि शाहिद अंसारी शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कैदी वार्ड में इलाजरत थे.

बोकारो IG के निर्देश पर एसआइटी गठित

सोमवार की सुबह सूचना प्राप्त हुई कि उक्त कैदी ने सुरक्षा में प्रतिनियुक्त हवलदार चौहान हेंब्रम को स्लाइन चढ़ाने वाले स्टैंड रड से सिर पर मारकर जख्मी कर स्लाइन के प्लास्टिक के पाइप से गला घोटकर हत्या कर दी. वार्ड के दरवाजे को बाहर से हथकड़ी से बंद कर चाबी लेकर वह फरार हो गया. इस संदर्भ में सदर थाना कांड संख्या-311/2024 अंतर्गत धारा-262/265 एवं 104 बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया है, इस मामले में SIT की जांच शुरू हो गई है .. वही आरोपी शाहिद की तलाश झारखंड के हजारीबाग से लेकर धनबाद सहित प्रदेश के सभी इलाकों में हो रही है..

NEWS ANP के लिए कुंवर अभिषेक सिंह की रिपोर्ट..

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *