धनबाद। राष्ट्रीय खेल दिवस 2026 के अवसर पर जिला खेल कार्यालय, धनबाद की ओर से मेगा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं और गतिविधियों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम ‘खेलेगा भारत, जीतेगा भारत’ थीम के तहत आयोजित हुआ। इसका उद्देश्य खिलाड़ियों और युवाओं को खेलों के प्रति प्रोत्साहित करना तथा उनमें खेल भावना और अनुशासन विकसित करना रहा।
कबड्डी से कराटे तक हुईं प्रतियोगिताएं

कार्यक्रम के दौरान कबड्डी, फुटबॉल, तीरंदाजी, बॉक्सिंग, किक बॉक्सिंग और कराटे सहित विभिन्न खेलों की प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। जिले के खिलाड़ियों ने प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपनी प्रतिभा, कौशल तथा खेल भावना का प्रदर्शन किया।
विभिन्न स्पर्धाओं के दौरान खिलाड़ियों में उत्साह और प्रतिस्पर्धा का माहौल देखने को मिला। प्रतियोगिताओं के बाद बेहतर प्रदर्शन करने वाले और विजेता खिलाड़ियों को मेडल एवं ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया।
मेजर ध्यानचंद के योगदान को किया याद
राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर भारतीय हॉकी के महान खिलाड़ी और ‘हॉकी के जादूगर’ मेजर ध्यानचंद के जीवन तथा खेल उपलब्धियों को याद किया गया। इस दौरान तीरंदाजी की प्रतिभावान खिलाड़ी यशिका दत्ता, रियांशिका और आराध्या दत्ता ने मेजर ध्यानचंद के जीवन एवं देश के लिए उनके योगदान पर अपने विचार रखे।
खिलाड़ियों ने उनके अनुशासन, समर्पण और निरंतर अभ्यास को युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बताया।
खेल से अनुशासन और आत्मविश्वास का विकास
जिला खेल पदाधिकारी उमेश लोहरा ने सभी खिलाड़ियों और खेल प्रशिक्षकों को राष्ट्रीय खेल दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि मेजर ध्यानचंद का जीवन प्रत्येक खिलाड़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
उन्होंने कहा कि खेल शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर करने के साथ युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना और सकारात्मक सोच विकसित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने खिलाड़ियों से निरंतर अभ्यास, मेहनत और खेल भावना के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ने की अपील की। साथ ही खेल के साथ शिक्षा और व्यक्तित्व विकास पर भी ध्यान देने को कहा।
जिले में खेल संस्कृति मजबूत करने पर जोर
जिला खेल पदाधिकारी ने कहा कि जिला खेल कार्यालय का प्रयास है कि धनबाद के अधिक से अधिक बच्चे और युवा खेलों से जुड़ें। इसके लिए उन्हें अपनी प्रतिभा विकसित करने और राज्य तथा राष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन करने के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।
‘एक घंटा खेल के मैदान में’ और ‘खेलेगा भारत, जीतेगा भारत’ जैसे संदेशों के माध्यम से जिले में खेल संस्कृति को मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में अविजित पात्र, एम.डी. सरफराज, बिनोद राउत, बिपिन दत्ता, संतोष कुमार, लक्ष्मण मुर्मू, बबली कुमारी, रिंकू कुमारी सहित अन्य सहयोगियों और खेल प्रशिक्षकों का योगदान रहा। किक बॉक्सिंग एवं कराटे कोच राज संचू और आशीष तथा बॉक्सिंग कोच अभिमन्यु और खुशबू भी मौजूद रहे।

