धनबाद, 19 जून 2026: धनबाद जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग पर बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए जिला प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन की अध्यक्षता में आयोजित जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में हरिहरपुर से मैथन तक एनएच की निगरानी के लिए विशेष “हाईवे टास्क फोर्स” के गठन का निर्णय लिया गया। यह टास्क फोर्स शनिवार से सक्रिय होकर दिन-रात राष्ट्रीय राजमार्ग की निगरानी करेगी।
टास्क फोर्स के साथ रहेगी पुलिस, हाइड्रा और क्रेन
जिला परिवहन पदाधिकारी और ट्रैफिक डीएसपी के नेतृत्व में गठित यह टीम पुलिस बल के साथ काम करेगी। सड़क पर अवैध रूप से खड़े वाहनों को हटाने के लिए हाइड्रा और क्रेन की भी व्यवस्था रहेगी। इसके अलावा अवैध कट बंद कराने, बंद स्ट्रीट लाइटों को दुरुस्त करने और ब्लैक स्पॉट को सुरक्षित बनाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
‘नो हेलमेट, नो पेट्रोल’ नियम तोड़ने वाले 11 पेट्रोल पंपों को नोटिस
बैठक में उपायुक्त ने ‘नो हेलमेट, नो पेट्रोल’ अभियान का उल्लंघन करने वाले 11 पेट्रोल पंपों को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया। इन पेट्रोल पंपों से पूछा जाएगा कि उनका लाइसेंस क्यों न रद्द कर दिया जाए। इनमें निरसा, धनसार, झरिया, पुटकी, कुमारधुबी और अन्य क्षेत्रों के पेट्रोल पंप शामिल हैं।
होटल, क्लीनिक और बड़े प्रतिष्ठानों में बनेंगे फर्स्ट एड कॉर्नर
सड़क हादसों में घायल लोगों को तुरंत सहायता उपलब्ध कराने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग किनारे स्थित क्लीनिक, होटल और बड़े प्रतिष्ठानों में फर्स्ट एड कॉर्नर विकसित किए जाएंगे। यहां के कर्मचारियों को प्राथमिक उपचार, एंबुलेंस बुलाने और आपात स्थिति से निपटने का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
ओवर स्पीड और लापरवाही बनी दुर्घटनाओं की सबसे बड़ी वजह
जिला परिवहन पदाधिकारी दिवाकर सी. द्विवेदी ने बताया कि पिछले दो महीनों के विश्लेषण में पाया गया कि ओवर स्पीड, लापरवाही, ओवरलोडिंग और मानवीय भूल सड़क दुर्घटनाओं के प्रमुख कारण हैं। मार्च 2026 में 65 सड़क दुर्घटनाओं में 39 लोगों की जान गई थी। वर्ष 2025-26 के दौरान 94 घातक सड़क हादसे दर्ज किए गए हैं।
अतिक्रमण और लावारिस वाहनों पर भी होगी कार्रवाई
उपायुक्त ने एनएचएआई को रिफ्लेक्टिव बोर्ड लगाने और ब्लैक स्पॉट को सुरक्षित करने का निर्देश दिया। वहीं बैंक मोड़ से झरिया तक सड़क किनारे खड़े लावारिस वाहनों की नीलामी कराने और अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का भी आदेश दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार ने सभी थाना प्रभारियों को सड़क बाधित करने वाली वस्तुओं की तस्वीरों सहित रिपोर्ट देने के निर्देश दिए।
जिला प्रशासन का लक्ष्य—दुर्घटनामुक्त राष्ट्रीय राजमार्ग
प्रशासन का उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्ग को अधिक सुरक्षित बनाना और सड़क हादसों में कमी लाना है। इसके लिए विभिन्न विभागों के समन्वय से व्यापक अभियान चलाया जाएगा।

