डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं में बिहार ने हासिल किया पहला स्थान
पटना: आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ABDM) के तहत डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं में बिहार ने स्कैन एंड रजिस्टर श्रेणी में देशभर में पहला स्थान हासिल किया है। राज्य स्वास्थ्य समिति की 21 अक्टूबर की रिपोर्ट के अनुसार, इस श्रेणी में बिहार में 8.12 करोड़ का आंकड़ा दर्ज किया गया है।
वहीं, आभा (ABHA) आईडी निर्माण में बिहार पांचवें और स्वास्थ्य रिकॉर्ड लिंकिंग में चौथे स्थान पर है। इन दोनों श्रेणियों में प्रदर्शन बेहतर करने के लिए राज्य स्वास्थ्य समिति ने कार्ययोजना तैयार की है।
आभा आईडी निर्माण में बिहार पांचवें स्थान पर
रिपोर्ट के मुताबिक, बिहार में अब तक 6.77 करोड़ आभा आईडी बनाई जा चुकी हैं। इस श्रेणी में राज्य की उपलब्धि 54.4 प्रतिशत बताई गई है।
स्वास्थ्य रिकॉर्ड को आभा आईडी से जोड़ने के मामले में बिहार में 9.14 करोड़ का आंकड़ा दर्ज किया गया है। इस उपलब्धि के साथ राज्य देश में चौथे स्थान पर है। स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य आभा आईडी निर्माण और डिजिटल रिकॉर्ड लिंकिंग की प्रक्रिया को और गति देना है।
अस्पतालों के ओपीडी काउंटर पर बनेगी आभा आईडी
आभा आईडी बनाने की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए अस्पतालों के ओपीडी पंजीकरण काउंटर पर ही आईडी निर्माण की व्यवस्था पर जोर दिया जाएगा। इससे मरीजों को आईडी बनवाने के लिए अलग कतार में लगने की जरूरत कम होगी।
ग्रामीण क्षेत्रों और हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों पर आशा कार्यकर्ताओं तथा एएनएम के माध्यम से शिविर लगाने की योजना है। जिन लोगों का मोबाइल नंबर आधार से लिंक नहीं है, उनके लिए फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए आभा आईडी बनाने पर भी ध्यान दिया जाएगा।
क्यूआर कोड स्कैनिंग से डिजिटल पंजीकरण को मिलेगा बढ़ावा
स्कैन एंड रजिस्टर श्रेणी में अपनी अग्रणी स्थिति बनाए रखने के लिए अस्पतालों में क्यूआर कोड प्रमुख स्थानों पर लगाने और उन्हें सक्रिय रखने की व्यवस्था की जाएगी।
इसके साथ ही स्वास्थ्य कर्मचारियों को क्यूआर कोड स्कैन करके ओपीडी टोकन बनाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे अस्पतालों में डिजिटल पंजीकरण की प्रक्रिया को अधिक सुगम बनाने में मदद मिल सकती है।
स्वास्थ्य रिकॉर्ड को आभा से जोड़ने पर जोर
डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए ओपीडी पर्ची, लैब रिपोर्ट और डिस्चार्ज समरी को आभा आईडी से जोड़ने की प्रक्रिया नियमित करने की योजना है।
इससे मरीजों के स्वास्थ्य रिकॉर्ड डिजिटल रूप में उपलब्ध कराने और जरूरत पड़ने पर उन्हें देखने में सुविधा हो सकती है। राज्य स्वास्थ्य समिति की कार्ययोजना का उद्देश्य आभा आईडी निर्माण और रिकॉर्ड लिंकिंग की रैंकिंग में सुधार के साथ डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाना है।

