पाकुड़। विद्यार्थियों की प्रतिभा, रचनात्मकता और तकनीकी कौशल को मंच देने के उद्देश्य से बाजार समिति परिसर में जिला स्तरीय कौशल प्रतियोगिता 2026-27 का आयोजन किया गया। झारखंड शिक्षा परियोजना के तत्वावधान में आयोजित इस प्रतियोगिता में जिले के विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। प्रतिभागियों ने इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल, कृषि, हेल्थकेयर, आईटी सहित कई ट्रेडों पर आधारित मॉडल प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने विद्यार्थियों के मॉडलों का अवलोकन किया और उनके नवाचार एवं व्यावहारिक कौशल की सराहना की।
दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ
प्रतियोगिता का उद्घाटन उपायुक्त मेघा भारद्वाज, जिला शिक्षा पदाधिकारी अनीता पुरती, जिला क्रीड़ा पदाधिकारी राहुल कुमार और एडीपीओ पीयूष कुमार ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद विद्यार्थियों की ओर से तैयार किए गए विभिन्न मॉडलों का निरीक्षण किया गया।
उपायुक्त ने अलग-अलग ट्रेडों के मॉडल बनाने वाले विद्यार्थियों से उनके प्रोजेक्ट के बारे में जानकारी ली। उन्होंने विद्यार्थियों के प्रयासों, रचनात्मक सोच और तकनीकी समझ की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह की प्रतियोगिताएं बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देती हैं।
कौशल विकास से खुलेंगे रोजगार के नए रास्ते
अपने संबोधन में उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि वर्तमान समय में व्यावसायिक शिक्षा और कौशल विकास रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर उपलब्ध करा रहे हैं। केवल किताबी पढ़ाई ही नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के लिए व्यावहारिक ज्ञान और तकनीकी दक्षता हासिल करना भी जरूरी है।
उन्होंने विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ-साथ नए कौशल सीखने और अपनी रुचि के अनुसार तकनीकी ज्ञान विकसित करने के लिए प्रेरित किया। उपायुक्त ने कहा कि कौशल के माध्यम से युवा आत्मनिर्भर बन सकते हैं और भविष्य में अपने लिए रोजगार के अवसर भी तैयार कर सकते हैं।
जिले के 30 विद्यालयों में चल रही व्यावसायिक शिक्षा
जिला शिक्षा पदाधिकारी अनीता पुरती ने बताया कि पाकुड़ जिले के 30 विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा संचालित की जा रही है। इन विद्यालयों में विद्यार्थियों को इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल, कृषि, हेल्थकेयर, पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी, रिटेल, ब्यूटी एंड वेलनेस तथा आईटी/आईटीईएस जैसे विभिन्न ट्रेडों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि इन ट्रेडों के माध्यम से विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ रोजगार से जुड़े कौशल सीखने का अवसर मिल रहा है। प्रतियोगिता में प्रस्तुत मॉडलों के जरिए विद्यार्थियों ने अपने प्रशिक्षण और सीखी गई तकनीकों का व्यावहारिक प्रदर्शन किया।
विजेता विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र और मोमेंटो देकर किया सम्मानित
प्रतियोगिता के विभिन्न ट्रेडों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान के लिए सम्मानित किया गया। विजेता प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र और मोमेंटो प्रदान किए गए। सम्मान मिलने पर विद्यार्थियों में उत्साह देखने को मिला।
आयोजकों के अनुसार, प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों की प्रतिभा को उचित मंच उपलब्ध कराना और उन्हें भविष्य में रोजगार एवं स्वरोजगार के लिए तैयार करना था। इस आयोजन के माध्यम से व्यावसायिक शिक्षा के महत्व को भी रेखांकित किया गया। ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को अपने कौशल को पहचानने, नए विचारों पर काम करने और भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार होने का अवसर प्रदान करते हैं।

