धनबाद, 24 अक्टूबर 2026: झारखंड विधानसभा की लोक लेखा समिति ने शनिवार को सर्किट हाउस में विभिन्न विभागों के लंबित मामलों और वित्तीय आपत्तियों की समीक्षा की। समिति की बैठक अध्यक्ष एवं बरही विधायक मनोज कुमार यादव की अध्यक्षता में हुई।
बैठक में सामान्य, सामाजिक, आर्थिक और राजस्व क्षेत्रों से संबंधित मामलों के साथ नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्ट में दर्ज आपत्तियों पर चर्चा की गई। स्थानीय निकायों से जुड़े वार्षिक तकनीकी निरीक्षण प्रतिवेदन के लंबित मामलों की भी संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा की गई।
50 प्रतिशत से अधिक मामलों में वसूली का दावा
बैठक के बाद समिति अध्यक्ष मनोज कुमार यादव ने बताया कि संबंधित विभागों ने अब तक 50 प्रतिशत से अधिक मामलों में रिकवरी सुनिश्चित किए जाने की जानकारी दी है। शेष मामलों में भी जल्द वसूली करने के निर्देश दिए गए हैं।
समिति ने राजस्व के संभावित नुकसान को रोकने और रॉयल्टी व चालान से जुड़ी कमियों को दूर करने पर जोर दिया। अधिकारियों को राजस्व संग्रह में तेजी लाने तथा लंबित आपत्तियों के निष्पादन के लिए आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया।

लंबित मामलों के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त करने का निर्देश
समिति ने कहा कि लोक लेखा समिति से जुड़े लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक जिले में समन्वय हेतु नोडल अधिकारी की प्रतिनियुक्ति की व्यवस्था का पालन किया जाए।
बैठक में वन, पुलिस, खनन, प्रदूषण नियंत्रण, निबंधन, पंचायती राज, उत्पाद, परिवहन, वाणिज्यकर और ऊर्जा समेत विभिन्न विभागों के मामलों की क्रमवार समीक्षा की गई।
अधूरी पेयजल योजनाओं पर सख्त रुख
पेयजल एवं स्वच्छता विभाग की अधूरी और लंबित योजनाओं को लेकर समिति ने चिंता जताई। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, कार्य में लापरवाही बरतने वाले संवेदकों को ब्लैकलिस्ट करने की अनुशंसा की गई है।
समिति ने प्रभावित क्षेत्रों में नागरिकों के लिए तत्काल वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर

