चितराल। पाकिस्तान के लोअर चितराल से पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के विधायक फतेह उल मुल्क अली नासिर की इस्लामाबाद में गिरफ्तारी के बाद चितराल में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। गिरफ्तारी के विरोध में सोमवार को PTI कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने विधायक की तत्काल रिहाई की मांग उठाई।
स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, यह विरोध प्रदर्शन ऐसे समय हुआ है, जब PTI ने 27 सितंबर को इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर इस्लामाबाद में लॉन्ग मार्च का ऐलान किया है। <Cite refs={[“turn0news1″,”turn0search6”]} />
चितराल के प्रमुख मार्गों से निकली विरोध रैली
विधायक की गिरफ्तारी के खिलाफ चितराल शहर में बड़ी विरोध रैली निकाली गई। इसका नेतृत्व सीनेटर फलक नाज, PTI सचिव सैयद फरीद जान और पार्टी के अन्य स्थानीय नेताओं ने किया।
प्रदर्शनकारी नारे लगाते हुए शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए चितराल प्रेस क्लब पहुंचे। इसके बाद PTI नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर फतेह उल मुल्क अली नासिर की गिरफ्तारी पर आपत्ति जताई और उनकी तत्काल तथा बिना शर्त रिहाई की मांग की। <Cite refs={[“turn0news1″,”turn0news0”]} />
PTI नेताओं ने गिरफ्तारी को बताया राजनीतिक दमन
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान PTI नेताओं ने दावा किया कि फतेह उल मुल्क अली नासिर 30 हजार से अधिक मतदाताओं के निर्वाचित प्रतिनिधि हैं। उन्होंने विधायक के शाही परिवार से संबंध का भी उल्लेख किया।
पार्टी नेताओं ने गिरफ्तारी को राजनीतिक दमन और निर्वाचित प्रतिनिधियों को निशाना बनाने की कार्रवाई बताया। हालांकि, ये आरोप PTI नेताओं की ओर से लगाए गए हैं।
नेताओं ने कहा कि गिरफ्तारियों और कथित राजनीतिक दबाव से पार्टी कार्यकर्ताओं का मनोबल कमजोर नहीं होगा। <Cite refs={[“turn0news1″,”turn0search6”]} />
चितराल के राजनीतिक प्रतिनिधित्व पर उठाए सवाल
प्रदर्शन के दौरान PTI नेताओं ने चितराल के राजनीतिक प्रतिनिधित्व का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने दावा किया कि चितराल से सांसद अब्दुल लतीफ पहले से ही 9 मई की घटनाओं से जुड़े मामलों में जेल में हैं।
नेताओं का कहना था कि विधायक फतेह उल मुल्क अली नासिर की गिरफ्तारी के बाद क्षेत्र के निर्वाचित नेतृत्व को लेकर चिंता और बढ़ गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक कार्रवाई के कारण चितराल के लोगों की आवाज प्रभावित हो रही है।
27 सितंबर को इस्लामाबाद पहुंचने का ऐलान
रैली के दौरान PTI नेताओं ने घोषणा की कि पार्टी कार्यकर्ता 27 सितंबर को इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर इस्लामाबाद पहुंचेंगे।
नेताओं ने कहा कि गिरफ्तारियों और दबाव के बावजूद कार्यकर्ता पीछे नहीं हटेंगे। पार्टी ने अपने प्रस्तावित लॉन्ग मार्च के लिए स्थानीय स्तर पर तैयारियां तेज करने की बात कही है।
इस घोषणा के बाद चितराल में PTI की राजनीतिक लामबंदी बढ़ने के संकेत मिले हैं। <Cite refs={[“turn0news1″,”turn0news14”]} />
फलक नाज ने इमरान खान की रिहाई की मांग दोहराई
रैली को संबोधित करते हुए सीनेटर फलक नाज ने इमरान खान की रिहाई की मांग दोहराई। उन्होंने इमरान खान को पाकिस्तान के गरीबों के लिए उम्मीद का प्रतीक बताया।
फलक नाज ने आरोप लगाया कि इमरान खान को राजनीतिक रूप से अलग-थलग करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि ऐसे प्रयास सफल नहीं होंगे और इमरान खान की रिहाई के बाद पाकिस्तान लोकतांत्रिक तथा आर्थिक स्थिरता की दिशा में आगे बढ़ सकता है।
गिरफ्तारी के बाद बढ़ी राजनीतिक हलचल
फतेह उल मुल्क अली नासिर की गिरफ्तारी के बाद चितराल में PTI की गतिविधियां तेज हो गई हैं। पार्टी नेताओं ने विधायक की रिहाई की मांग के साथ-साथ 27 सितंबर के प्रस्तावित इस्लामाबाद मार्च को लेकर भी कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया है।
फिलहाल, गिरफ्तारी के विरोध और प्रस्तावित लॉन्ग मार्च को लेकर पाकिस्तान के राजनीतिक माहौल में तनाव बना हुआ है।

