धनबाद। भादो मास में जन्मे ठाकुर अनुकूल चंद्र की जयंती उनके अनुयायियों द्वारा पूरे जन्म मास के दौरान विशेष सत्संग, भजन और कीर्तन के माध्यम से मनाई जाती है। इसी परंपरा के तहत गुरुवार शाम धनबाद के हीरापुर दुर्गा मंदिर परिसर में विशेष धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में धनबाद के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। महिला, पुरुष और बच्चों ने सत्संग, भजन-कीर्तन और प्रवचन में हिस्सा लिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं के बीच भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण बना रहा।
जन्म मास के दौरान पूरे महीने होते हैं धार्मिक कार्यक्रम
ठाकुर अनुकूल चंद्र के अनुयायी उनके जन्म मास को विशेष रूप से मनाते हैं। इसी क्रम में अलग-अलग स्थानों पर सत्संग और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
हीरापुर दुर्गा मंदिर में आयोजित कार्यक्रम में श्रद्धालुओं ने भजन और कीर्तन में हिस्सा लिया तथा प्रवचन सुना। कार्यक्रम के दौरान ठाकुर अनुकूल चंद्र के बताए आदर्शों और जीवन मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया गया।
धनबाद के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालु
कार्यक्रम में धनबाद के अलग-अलग क्षेत्रों से ठाकुर अनुकूल चंद्र के शिष्य और अनुयायी पहुंचे। महिला, पुरुष और बच्चों ने धार्मिक आयोजन में भाग लिया।
सत्संग के दौरान श्रद्धालुओं ने भक्ति गीतों और भजनों का आनंद लिया। इसके साथ ही ठाकुर अनुकूल चंद्र के विचारों और उनके बताए जीवन मूल्यों पर चर्चा की गई।
139वें जन्म वर्ष के अवसर पर आयोजन
श्री श्री ठाकुर अनुकूल चंद्र जी के देवघर स्थित केंद्रीय मंदिर एवं सत्संग विहार धनबाद के 62 नंबर उपयोजना केंद्र के संयोजक कमल मोदक ने बताया कि ठाकुर अनुकूल चंद्र का यह 139वां जन्म वर्ष है।
उन्होंने बताया कि ठाकुर अनुकूल चंद्र का जन्म भादो महीने की नवमी तिथि को हुआ था। उनके पवित्र जन्म मास को भक्त हर वर्ष विशेष रूप से मनाते हैं।
परिक्रमा के आधार पर भक्तों को मिलती है आयोजन की जिम्मेदारी
कमल मोदक ने बताया कि जन्म मास के दौरान परंपरा के अनुसार अलग-अलग भक्तों की सहभागिता से कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। परिक्रमा के आधार पर एक-एक भक्त को एक-एक दिन की जिम्मेदारी मिलती है।
इसी क्रम में गुरुवार को हीरापुर दुर्गा मंदिर परिसर में सत्संग का आयोजन किया गया। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में धनबाद के विभिन्न क्षेत्रों से ठाकुर अनुकूल चंद्र के शिष्य शामिल हुए।
आदर्शों को जीवन में अपनाने का संदेश
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने ठाकुर अनुकूल चंद्र के आदर्शों और उनके बताए जीवन मूल्यों को आत्मसात करने पर जोर दिया। सत्संग, भजन-कीर्तन और प्रवचन के माध्यम से श्रद्धालुओं ने उनके विचारों को स्मरण किया।
धार्मिक आयोजन में शामिल श्रद्धालुओं ने श्रद्धा और भक्ति के साथ कार्यक्रम में हिस्सा लिया और सत्संग का आनंद लिया।

