रांची: नगर निगम शहर के अलग-अलग इलाकों में डेडीकेटेड सर्किल ऑफिस विकसित करने की तैयारी कर रहा है। इन कार्यालयों के शुरू होने के बाद शहर के दूर-दराज क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, होल्डिंग टैक्स, जलकर और ट्रेड लाइसेंस जैसी सेवाओं के लिए कचहरी स्थित नगर निगम मुख्यालय का बार-बार चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा।
नगर आयुक्त सुशांत गौरव ने शनिवार को निगम की टीम के साथ संभावित सर्किल ऑफिस के लिए सात स्थानों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान संबंधित भवनों की स्थिति और वहां उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया गया।
सेवाओं को नागरिकों के करीब लाने की तैयारी
नगर आयुक्त सुशांत गौरव ने कहा कि फिलहाल शहर के अलग-अलग हिस्सों से लोगों को छोटी-छोटी समस्याओं और काम के लिए नगर निगम मुख्यालय पहुंचना पड़ता है। इससे लोगों का समय, श्रम और आने-जाने का खर्च बढ़ता है। साथ ही मुख्यालय में भी अनावश्यक भीड़ रहती है।
सर्किल ऑफिस शुरू होने के बाद नगर निगम की सेवाओं को नागरिकों के करीब पहुंचाने की योजना है। इन केंद्रों पर निगम की विभिन्न शाखाओं के पदाधिकारी और कर्मचारी उपलब्ध रहेंगे, जिससे लोगों को अलग-अलग काम के लिए मुख्यालय नहीं जाना पड़ेगा।
इन सात स्थानों का किया गया निरीक्षण
नगर आयुक्त ने वार्ड संख्या-21 में बड़ा तालाब के निकट निगम भवन, वार्ड संख्या-32 के पंडरा स्थित निगम भवन और वार्ड संख्या-6 के बांधगाड़ी स्थित भवन का निरीक्षण किया।
इसके अलावा वार्ड संख्या-42 में धुर्वा निर्वाचन कार्यालय के समीप सरकारी भवन, वार्ड संख्या-41 के शाखा मैदान धुर्वा स्थित भवन, वार्ड संख्या-52 के नायक टोली हटिया स्थित निगम भवन और वार्ड संख्या-44 के डोरंडा अंचल कार्यालय का भी जायजा लिया गया।
भवनों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने संबंधित भवनों में मरम्मती, रंग-रोगन, बिजली-पानी, शौचालय, फर्नीचर और कंप्यूटर समेत आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। नागरिकों के लिए भवनों के बाहर शेड और प्रतीक्षास्थल विकसित करने पर भी जोर दिया गया।
वार्ड-21 के भवन में सिविल वर्क्स, पेड़ों की छंटाई और सीढ़ियों की मरम्मती के निर्देश दिए गए। पंडरा में रंग-रोगन, घास की कटाई और पेवर ब्लॉक लगाने को कहा गया। बांधगाड़ी में भवन की मरम्मती और भूमि समतलीकरण के निर्देश दिए गए।
धुर्वा के दोनों स्थानों पर सफाई, रंग-रोगन और मरम्मती कार्य कराने को कहा गया। शाखा मैदान के पास खाली जमीन पर कम्युनिटी टॉयलेट और अर्बन आयुष्मान आरोग्य मंदिर के निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार करने का भी निर्देश दिया गया।
जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र से ट्रेड लाइसेंस तक मिलेंगी सेवाएं
प्रस्तावित सर्किल ऑफिस में जन्म-मृत्यु निबंधन, होल्डिंग और जलकर से जुड़े आवेदन एवं भुगतान, ट्रेड लाइसेंस, प्रधानमंत्री आवास योजना तथा सिविल वर्क्स से संबंधित शिकायतों समेत अन्य नागरिक सेवाएं उपलब्ध कराने की योजना है।
नगर निगम बोर्ड की सहमति और अनुशंसा के बाद सर्किल ऑफिस के लिए स्थलों का अंतिम निर्धारण किया जाएगा। इसके बाद इन्हें चरणबद्ध तरीके से सक्रिय किया जाएगा।
नगर निगम का उद्देश्य है कि नागरिकों को सेवाएं लेने के लिए मुख्यालय तक न आना पड़े, बल्कि निगम की सुविधाएं उनके अपने क्षेत्र के करीब उपलब्ध हों।

