बिहार में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने ‘बिहार हेली-टूरिज्म एवं एयर टूरिज्म सेवा योजना-2026’ की शुरुआत की है। इस योजना के तहत अब आम लोग और पर्यटक हेलीकॉप्टर से पटना और बिहार के प्रमुख पर्यटन स्थलों का हवाई सफर कर सकेंगे।
योजना के शुभारंभ के मौके पर मुख्यमंत्री ने पहले जॉय राइड करने वाले पर्यटकों को टिकट दिए और हेलीकॉप्टर के पायलट को बैज पहनाकर पहली उड़ान को रवाना किया।
योजना के पहले दिन 20 पर्यटकों ने हेलीकॉप्टर से शहर का हवाई नजारा देखा। पहली उड़ान दोपहर 3:45 बजे छह यात्रियों को लेकर रवाना हुई।
पटना के आसमान में जॉय राइड का रोमांच अब बेहद किफायती
- किराया और अवधि: इस 10 मिनट के एरियल टूर (हवाई सफर) के लिए प्रति व्यक्ति किराया मात्र 2,100 रुपये तय किया गया है. इस दौरान पर्यटक करीब 1200 फीट की ऊंचाई से पटना शहर का खूबसूरत नजारा देख सकेंगे.
- समय: हर 30 मिनट के अंतराल पर हेलीकॉप्टर उड़ान भरेगा. फिलहाल यह सुविधा सप्ताह में केवल दो दिन- शनिवार और रविवार को उपलब्ध रहेगी.
- सब्सिडी का गणित: इस जॉय राइड की एक सीट की कुल लागत 17,522 रुपये है, जिसमें बिहार सरकार 15,422 रुपये का भारी अनुदान (Subsidy) दे रही है, जिससे आम लोगों को यह सिर्फ 2,100 रुपये में पड़ रहा है.
पटना की जॉय राइड के साथ-साथ राज्य के प्रमुख पर्यटन स्थलों के लिए भी हेली-टूरिज्म सेवा शुरू की गई है. यह सुविधा भी फिलहाल सिर्फ शनिवार और रविवार को संचालित होगी. इसके तहत पटना से वाल्मीकिनगर, राजगीर और कैमूर के लिए हेलीकॉप्टर उड़ान भरेंगे.
रूट और किराया (प्रति यात्री)
- पटना से वाल्मीकि नगर: 5,000 रुपये
- पटना से कैमूर: 6,000 रुपये
- पटना से राजगीर: 4,000 रुपये
इन रूट्स पर पर्यटकों के लिए किराया 4,000 रुपये से 6,000 रुपये के बीच तय किया गया है.
बिहार सरकार योजना में भारी सब्सिडी दे रही है
पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बिहार सरकार इस योजना में भारी सब्सिडी दे रही है. पर्यटन स्थलों (राजगीर, कैमूर, वाल्मीकिनगर) की उड़ान के लिए प्रति सीट कुल खर्च 17,522 रुपये आता है, लेकिन राज्य सरकार इसमें 11,522 रुपये से लेकर 13,522 रुपये तक का अनुदान दे रही है. इसी वजह से पर्यटकों के लिए यह सफर काफी किफायती साबित हो रहा है.

