अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। अमेरिका ने पहले ईरान के छह राज्यों में कई जगहों पर हमला किया था। इसके जवाब में ईरान ने सोमवार (13 जुलाई) को तीन अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया।
रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान ने कुवैत, बहरीन और जॉर्डन में मौजूद अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन से हमला किया। इस घटना के बाद पूरे मिडिल ईस्ट में तनाव और बढ़ गया है।
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने अमेरिका को जवाब देते हुए कुवैत, बहरीन और जॉर्डन में कई जगहों पर हमला किया है. ईरान ने जॉर्डन के प्रिंस हसन एयरबेस पर फ्यूल टैंक और मिसाइल डिपो को निशाने पर लिया है. जबकि बहरीन में अमेरिका के ड्रोन कमांड सेंटर पर धमाका किया है. ईरान ने डोनाल्ड ट्रंप को चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर अमेरिका ने अटैक नहीं रोके तो वह उसके ठिकानों को तबाह कर देगा.
चार मिसाइलों को मार गिराने का दावा
जॉर्डन ने दावा किया है कि ईरान की ओर से कई मिसाइलें दागी गई हैं. उसने चार मिसाइलों को मार गिराने का दावा किया. वहीं कुवैत ने कहा है कि उसका एयर डिफेंस सिस्टम दुश्मन की मिसाइलों का मुकाबला कर रहा है. ‘अल जजीरा’ की रिपोर्ट के मुताबिक, कुवैती सेना के जनरल स्टाफ का कहना है कि एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों को मार गिराया है.
‘फॉक्स न्यूज’ की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी फोर्स ने रात भर में करीब 140 ईरानी सैन्य टारगेट पर हमला किया, जिससे तीन रातों में कुल हमलों की संख्या 300 से ज्यादा हो गई.
वहीं ईरान ने वीकेंड में अमेरिका से जुड़ी जगहों और इलाके के देशों पर हमले किए कुवैत ने कहा कि तीन उत्तरी बॉर्डर पोस्ट को नुकसान हुआ है. एक ड्रोन ने कुवैत ऑयल कंपनी के एक ऑफशोर ड्रिलिंग प्लेटफॉर्म पर भी हमला किया, जिसमें एक वर्कर घायल हो गया.

