राँची(पिस्का-नगड़ी/धुर्वा)थाना क्षेत्र के हडसेर एच.ई.सी.डैम साईड के होटल में आदिवासी सेना के (केन्द्रीय अध्यक्ष)श्री अजय कच्छप के नेतृत्व में केंद्रीय समिति,जिला समिति एवं राँची जिला महानगर के प्रतिनिधियों और सामाजिक अगुवाओं का विशेष बैठक का आयोजन किया गया।जिसका संचालन केन्द्रीय संगठन सचिव-राजेश लिण्डा ने किया।
कार्यक्रम बैठक अध्यक्षता सह आदिवासी सेना-केन्द्रीय अध्यक्ष-अजय कच्छप ने अपने संबोधन में कहा कि झारखंड सरकार स्थानीय नीति व नियोजन नीति खतियान के आधार पर जल्द बनाये। नीति नहीं बनने के वजह से झारखंड राज्य के युवा रोजगार के लिए दर-दर भटक रहें हैं उनका भविष्य सुरक्षित नजर नहीं आ रहा है।ये झारखंड राज्य के वैसे युवाओं जो सरकार के अधीन नौकरी/सेवा प्रदान करना चाहते हैं उनके लिए चिंता का बात है जिनका उम्र बढते जा रहा है ये बहुत बडा विषय है इस पर त्वरित विचार-विमर्श करे। झारखंड के आदिवासी जो जल,जंगल व जमीन की रक्षा के लिए जाने जाते हैं
वैसे आदिवासियों का ज्वलंत मुद्दा जमीन का लंबित दखल-दिहानी,ऑनलाईन में गडबडी,गैरमजरुआ भूमि की लूट एवं अवैध अतिक्रमण ममला त्वरित कार्रवाई कर आदिवासियों को हक एवं अधिकार दिलाये और आदिवासी छात्रों को शिक्षा लोन एवं युवाओं को विजनेस क्षेत्र में मजबूती से आगे बढे जिसके लिए सरकार आसानी से लोन उपलब्ध कराए।
एल्विन लकडा(केन्द्रीय महासचिव)ने बताया कि बहुत जल्द आदिवासी सेना का राज्यस्तरीय सम्मेलन किया जाएगा
जिसके लिए आदिवासी सेना संगठन का विस्तार सभी जिला में जिला कमिटी,प्रखण्ड़ कमिटी का विस्तार किया जायेगा जिसके लिए अगला बैठक दिनाँक 20/12/2023(बुधवार)को डी.ए.वी.स्कूल सैटेलाइट क्लोनी के समीप भुसूर सरना स्थल में रखा गया है। इस बैठक आदिवासी सेना का राज्यस्तरीय सम्मेलन की तैयारी हेतू जिला प्रभारी एवं प्रखण्ड़ प्रभारी नियुक्त किये जायेंगें। देश के आदिवासियों के खिलाफ हो रहे अत्याचार-शोषण बंद हो।
इस कार्यक्रम में उपस्थित आदिवासी सेना कार्यकारी अध्यक्ष सह एच.ई.सी.विस्थापित नेता-श्री राहुल उराँव ने कहा कि झारखंड़ में राज्य सरकार जल्द से जल्द विस्थापन एवं पुनर्वास आयोग का गठन करे। राज्य के विस्थापितों को उनके हक एवं अधिकार दिलाये राज्य सरकार।
राँची जिला महानगर अध्यक्ष अजीत लकडा ने कहा कि राज्य सरकार को सी.एन.टी/एस.पी.टी एक्ट में संशोधन करते हुए थाना बाध्य को खत्म करे। जिससे कि झारखंड राज्य के निवासी कहीं भी जमीन खरीद कर निस्संदेह निवास कर सकेगा ।
न्द्रीय उपाध्यक्ष-श्री चिलगू कच्छप ने कहा कि केन्द्र सरकार जल्द से जल्द आगामी लोकसभा चुनाव से पहले देश के समस्त आदिवासी जो कि अपनी संस्कृतिक से पहचाने जाते हैं जिसके लिए आदिवासी/सरना धरम् कोड लागू करे। जिससे की आने वाले जनगणना में आदिवासी अपना कोड में अपना संख्या दर्ज कर सके और राज्य के वैसे आदिवासी जो ठीकेदारी करना चाहते हैं वैसे आदिवासियों को 1रु में ठेकेदारी का लाईसेंस मिले जिसमें 25 करोड तक ठीका(काम)मिल सके।
NEWS ANP के लिए रांची से V SIngh की रिपोर्ट…