सेवा, संकल्प और संवेदना की विदाईदिनकर की हुंकार और दुष्यंत की जनप्रतिबद्धता को समर्पित…
जामताड़ा(JAMTADA): जो तटस्थ हैं, समय लिखेगा उनका भी अपराध*”—दुष्यंत कुमार की यह पंक्ति उस लोकधर्म की याद दिलाती है, जहाँ कर्तव्य से विमुख होना भी एक अपराध है। वहीं रामधारी…









