देर रात गोलचक्कर से टकराया हाइवा
बलियापुर। भिखराजपुर हीरक प्वाइंट चौक पर देर रात करीब दो बजे एक बड़ा सड़क हादसा होने से टल गया। एक हाइवा वाहन अनियंत्रित होकर गोलचक्कर से जा टकराया। हादसे में हाइवा का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।
बताया गया कि दुर्घटनाग्रस्त हाइवा का वाहन नंबर JH10AT6505 है। टक्कर इतनी जोरदार थी कि वाहन के अगले हिस्से को काफी नुकसान पहुंचा।
हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी ली। हालांकि दुर्घटना के बाद कोई बड़ा जनहानि होने की सूचना नहीं है।
रात में हादसा होने से टला बड़ा खतरा
हादसा करीब रात दो बजे हुआ। उस समय मुख्य सड़क पर वाहनों और राहगीरों की आवाजाही अपेक्षाकृत कम थी। इसी वजह से एक बड़े हादसे की आशंका टल गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर इसी तरह की दुर्घटना दिन के व्यस्त समय में होती, तो इसकी चपेट में दूसरे वाहन और राहगीर भी आ सकते थे।
भिखराजपुर हीरक प्वाइंट मुख्य मार्ग होने के कारण यहां दिन-रात वाहनों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए सड़क सुरक्षा को लेकर सावधानी जरूरी है।

क्षतिग्रस्त हाइवा अब भी सड़क किनारे, दूसरे हादसे का खतरा
हादसे के बाद क्षतिग्रस्त हाइवा को अब तक मुख्य मार्ग से नहीं हटाया गया है। सड़क के पास दुर्घटनाग्रस्त वाहन खड़ा रहने के कारण वहां से गुजरने वाले वाहन चालकों के लिए परेशानी और खतरा पैदा हो सकता है।
खासकर रात के समय तेज गति से आने वाले भारी वाहनों के लिए सड़क किनारे खड़ा क्षतिग्रस्त हाइवा अचानक बाधा बन सकता है। ऐसे में स्थानीय लोगों ने प्रशासन से वाहन को जल्द से जल्द हटाने की मांग की है।
मुख्य मार्ग से दुर्घटनाग्रस्त वाहन को हटाने के साथ-साथ आसपास उचित सुरक्षा व्यवस्था और संकेतक लगाए जाने की जरूरत भी बताई जा रही है।
लगातार हादसों के बीच सड़क सुरक्षा पर उठे सवाल
भिखराजपुर की घटना ऐसे समय सामने आई है, जब झारखंड में सड़क हादसों को लेकर लगातार चिंता बनी हुई है। हाल ही में जमशेदपुर के सोनारी थाना क्षेत्र में मरीन ड्राइव रोड पर भीषण सड़क दुर्घटना में चार लोगों की मौत हुई थी।
इन घटनाओं के बीच दुर्घटना के बाद क्षतिग्रस्त वाहनों को मुख्य मार्ग से तत्काल हटाने और दुर्घटनास्थल को सुरक्षित करने की आवश्यकता पर जोर दिया जा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि किसी हादसे के बाद केवल घायलों या दुर्घटना की जांच तक ही कार्रवाई सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि सड़क पर मौजूद संभावित खतरे को भी जल्द दूर किया जाना चाहिए।
नींद और थकान में ड्राइविंग से बचने की जरूरत
हाइवा जैसे भारी वाहनों के चालक अक्सर लंबी दूरी की यात्रा करते हैं। लगातार कई घंटे वाहन चलाने के कारण थकान और नींद की स्थिति पैदा हो सकती है। ऐसी स्थिति में वाहन पर नियंत्रण बनाए रखना मुश्किल हो सकता है।
वाहन चालकों से अपील है कि नींद या अत्यधिक थकान महसूस होने पर वाहन रोककर पर्याप्त आराम करें। कुछ समय का आराम गंभीर सड़क दुर्घटना को रोकने में मदद कर सकता है।
वहीं, प्रशासन से भी मांग की गई है कि भिखराजपुर हीरक प्वाइंट पर दुर्घटनाग्रस्त हाइवा को जल्द से जल्द मुख्य मार्ग से हटाया जाए, ताकि वहां किसी दूसरे हादसे की आशंका को कम किया जा सके।

