धनबाद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के मौके पर झारखंड प्रदेश युवा कांग्रेस ने बेरोजगारी के मुद्दे को लेकर ‘मेरी डिग्री का क्या?’ अभियान शुरू करने की जानकारी दी है। धनबाद के हाउसिंग कॉलोनी स्थित कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष कुमार गौरव ने केंद्र और राज्य सरकार पर बेरोजगारी के मुद्दे को लेकर सवाल उठाए।
युवा कांग्रेस ने सरकारी विभागों में रिक्त पदों को भरने की मांग को अभियान का प्रमुख मुद्दा बनाया है। राष्ट्रीय स्तर पर भी युवा कांग्रेस ने 17 सितंबर से इस अभियान की शुरुआत की है और सरकारी पदों को भरने की मांग उठाई है।
सरकारी नौकरियों और बेरोजगारी के आंकड़ों का किया जिक्र
कुमार गौरव ने दावा किया कि देश में 50.58 लाख से अधिक सरकारी पद खाली हैं और बड़ी संख्या में युवा रोजगार की तलाश में हैं। उन्होंने कहा कि डिग्री हासिल करने के बाद भी युवाओं को रोजगार के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है।
उन्होंने प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर आयोजित कार्यक्रमों का जिक्र करते हुए बेरोजगारी के मुद्दे को सामने रखा और कहा कि युवाओं के रोजगार से जुड़े सवालों पर भी सरकार को जवाब देना चाहिए।
झारखंड में रिक्तियों और पेपर लीक का उठाया मुद्दा
झारखंड का जिक्र करते हुए कुमार गौरव ने करीब 1.65 लाख रिक्तियों का दावा किया। उन्होंने कहा कि भर्ती परीक्षाओं में कथित पेपर लीक और प्रशासनिक स्तर पर समस्याओं के कारण नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं में निराशा है।
उन्होंने कहा कि गरीब और मध्यमवर्गीय परिवार अपने बच्चों की पढ़ाई पर खर्च करते हैं, लेकिन डिग्री हासिल करने के बाद रोजगार नहीं मिलने से युवाओं के सामने भविष्य को लेकर चिंता बनी हुई है।
प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री आवास के घेराव की बात
युवा कांग्रेस के अनुसार, ‘मेरी डिग्री का क्या?’ अभियान के तहत रोजगार से जुड़े मुद्दों को लेकर कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
कुमार गौरव ने बताया कि अभियान के तहत प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री आवास के घेराव, नौकरी मार्च और गांवों तक जागरूकता अभियान जैसे कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य सरकारी विभागों में खाली पदों को भरने की मांग को प्रमुखता से उठाना है।
रिक्तियां नहीं भरी गईं तो आंदोलन की चेतावनी
प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि युवाओं की रोजगार संबंधी समस्याओं को लेकर संगठन आगे भी आंदोलन करेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकारी रिक्तियों को जल्द नहीं भरा गया तो आने वाले समय में युवाओं की ओर से आंदोलन तेज किया जाएगा।
इस अभियान के जरिए युवा कांग्रेस ने रोजगार और सरकारी नियुक्तियों के मुद्दे को सार्वजनिक बहस के केंद्र में लाने की बात कही है।
