धनबाद। अपराध और असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए धनबाद पुलिस ने शुक्रवार को जिलेभर में व्यापक जांच अभियान चलाया। वरीय पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार के निर्देश पर सभी थाना क्षेत्रों में थाना प्रभारियों के नेतृत्व में एक साथ कार्रवाई की गई।
अभियान के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर अड्डाबाजी और शराब का सेवन करने के आरोप में 17 लोगों को हिरासत में लिया गया। इसके साथ ही जिले के विभिन्न इलाकों में 1345 वाहनों की सघन जांच की गई।
चौक-चौराहों और संवेदनशील इलाकों में वाहन जांच
पुलिस ने प्रमुख चौक-चौराहों, संवेदनशील स्थानों और प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग कर वाहनों की जांच की। इस दौरान वाहन चालकों के दस्तावेजों की जांच के साथ वाहनों में मौजूद लोगों की तलाशी और पहचान का सत्यापन भी किया गया।
पुलिस टीमों ने संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए कई स्थानों पर अचानक जांच की। अभियान के दौरान संदिग्ध लोगों और गतिविधियों की जानकारी भी जुटाई गई।

ड्रंक एंड ड्राइव के खिलाफ विशेष अभियान
ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब के नेतृत्व में सिटी सेंटर और सरायढेला क्षेत्र में ड्रंक एंड ड्राइव के खिलाफ विशेष अभियान चलाया गया।
पुलिस ने ब्रेथ एनालाइजर के माध्यम से वाहन चालकों की जांच की। शराब के नशे में वाहन चलाते पाए गए लोगों के वाहनों को जब्त कर थाना लाया गया और नियमानुसार कार्रवाई की गई।
पुलिस ने कहा कि नशे में वाहन चलाने से सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे मामलों में किसी तरह की ढिलाई नहीं बरतने की बात कही गई है।
चोरी, अवैध शराब और लॉटरी कारोबार पर भी कार्रवाई
पुलिस अभियान के दौरान चोरी, वाहन चोरी, अवैध शराब और लॉटरी के कारोबार के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। इन गतिविधियों से जुड़े संदिग्धों और विभिन्न मामलों में वांछित लोगों की तलाश में पुलिस टीमों ने कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी की।
पुलिस संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ी जानकारी जुटाने के साथ उन लोगों पर भी नजर रख रही है, जिनकी गतिविधियां पूर्व में आपराधिक मामलों से जुड़ी रही हैं।
असामाजिक तत्वों पर लगातार दबाव बनाने की रणनीति
एसएसपी प्रभात कुमार ने बताया कि अभियान का उद्देश्य केवल तत्काल कार्रवाई करना नहीं है, बल्कि अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर लगातार दबाव बनाए रखना है। इससे जिले में कानून-व्यवस्था मजबूत करने और आम लोगों में सुरक्षा की भावना बढ़ाने में मदद मिलेगी।
एसएसपी ने स्पष्ट किया कि अड्डाबाजी, सार्वजनिक स्थानों पर शराबखोरी, नशे में वाहन चलाना और आपराधिक गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को नियमित रूप से ऐसे अभियान चलाने और संदिग्ध गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखने का निर्देश दिया है।

