नेपाल में बाढ़ के बीच भारत की मदद पर राष्ट्रपति पौडेल ने कहा- धन्यवाद, मुश्किल वक्त में मिला साथ

नेपाल में बाढ़ के बीच भारत की मदद पर राष्ट्रपति पौडेल ने कहा- धन्यवाद, मुश्किल वक्त में मिला साथ

नेपाल में आई भीषण बाढ़ और फ्लैश फ्लड के बीच भारत की ओर से मिली तुरंत मदद के लिए नेपाल के राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल ने भारत का आभार जताया है. उन्होंने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और भारत सरकार को धन्यवाद दिया.

राष्ट्रपति पौडेल ने भारत को कहा धन्यवाद

राम चंद्र पौडेल ने कहा कि नेपाल सरकार और वहां के लोगों की ओर से वह राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का धन्यवाद करते हैं.

उन्होंने कहा कि नेपाल में आई आपदा के बाद भारत ने जिस तरह चिंता दिखाई और राहत के लिए मदद भेजी, उसके लिए वह आभारी हैं. उन्होंने मुश्किल समय में भारत की ओर से दिखाई गई एकजुटता की भी सराहना की.

भारतीय नागरिकों की मौत पर जताया दुख

नेपाल के राष्ट्रपति ने बाढ़ और आपदा में भारतीय नागरिकों की मौत पर भी दुख जताया.

उन्होंने कहा कि इस दुखद घटना में जान गंवाने वाले भारतीय नागरिकों के परिवारों और भारत के लोगों के प्रति नेपाल सरकार और जनता की गहरी संवेदनाएं हैं.

भारत ने तुरंत भेजी राहत और बचाव टीम

नेपाल में हालात बिगड़ने के बाद भारत ने राहत और बचाव के लिए तुरंत कदम उठाए. भारत ने स्थिति पर नजर रखते हुए नेपाल को राहत सामग्री भेजी.

इसके अलावा बचाव अभियान में मदद के लिए भारत की ओर से विशेष उड़ानें भी भेजी गईं. भारत ने नेपाल में 11 सदस्यों वाली विशेष मेडिकल और टनल रेस्क्यू टीम भी भेजी है.

भारत की टीम राहत और बचाव कार्यों में स्थानीय प्रशासन की मदद कर रही है.

नेपाल में आपदा से भारी नुकसान

नेपाल में आई इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 626 लोगों की मौत होने की जानकारी सामने आई है. वहीं हजारों लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं. बताया जा रहा है कि नेपाल-चीन सीमा के पास ग्लेशियर टूटने के बाद अचानक बड़ी मात्रा में पानी और मलबा नीचे आया, जिससे कई इलाकों में भारी तबाही हुई.

बाढ़ और मलबे की वजह से कई सड़कें, पुल और दूसरी जरूरी सुविधाएं भी प्रभावित हुई हैं. राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है. नेपाल इस मुश्किल समय में भारत समेत दूसरे देशों से मिल रही मदद के जरिए प्रभावित लोगों तक राहत पहुंचाने की कोशिश कर रहा है.

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *