पाकुड़: भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR 2026 के तहत पाकुड़ जिले में निर्वाचक सूची को अधिक शुद्ध, पारदर्शी और अद्यतन बनाने की प्रक्रिया जारी है। इसी क्रम में जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न दावा-आपत्ति सुनवाई स्थलों का निरीक्षण किया।
पंचायत भवनों और प्रखंड कार्यालय में सुनवाई की व्यवस्था
मतदाताओं की सुविधा के लिए समाहरणालय के अलावा विभिन्न पंचायत भवनों और अन्य निर्धारित स्थलों पर दावा एवं आपत्ति की सुनवाई की व्यवस्था की गई है। उपायुक्त ने पंचायत भवन शहरकोल, सदर प्रखंड कार्यालय पाकुड़, पंचायत भवन नरोत्तमपुर और पंचायत भवन फरसा का निरीक्षण किया।
SIR 2026 के निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 5 अगस्त से 15 सितंबर 2026 तक दावा एवं आपत्ति दर्ज कराने की प्रक्रिया निर्धारित है। वहीं, प्राप्त दावे और आपत्तियों के निष्पादन की प्रक्रिया 5 अगस्त से 14 अक्टूबर 2026 तक चलेगी।
उपायुक्त ने अधिकारियों को दिए जरूरी निर्देश
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने संबंधित पदाधिकारियों और कर्मियों से दावा-आपत्ति प्राप्त करने की प्रक्रिया की जानकारी ली। उन्होंने सुनवाई स्थलों पर मतदाताओं को दी जा रही सहायता और आवश्यक दस्तावेजों के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की।
उन्होंने निर्देश दिया कि सुनवाई स्थल पर आने वाले प्रत्येक नागरिक को पूरी प्रक्रिया की सरल और स्पष्ट जानकारी दी जाए। किसी भी मतदाता को दावा या आपत्ति दर्ज कराने में अनावश्यक परेशानी नहीं होनी चाहिए।
समयबद्ध और निष्पक्ष कार्रवाई पर जोर
उपायुक्त ने सभी सुनवाई स्थलों पर आवश्यक मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही नागरिकों के साथ सहयोगात्मक और संवेदनशील व्यवहार करने को कहा।
उन्होंने प्राप्त दावे और आपत्तियों का नियमानुसार समयबद्ध एवं निष्पक्ष तरीके से निष्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
मतदाताओं से विवरण जांचने की अपील
उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि SIR 2026 का उद्देश्य निर्वाचक सूची को अधिक शुद्ध, पारदर्शी और अद्यतन बनाना है। उन्होंने पात्र मतदाताओं से अपने निर्वाचक विवरण की जांच करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि यदि किसी मतदाता का नाम छूट गया है, विवरण में किसी प्रकार की त्रुटि है या कोई अन्य आपत्ति है, तो निर्धारित अवधि के भीतर संबंधित दावा या आपत्ति दर्ज कराई जाए।
जिला प्रशासन ने भी मतदाताओं से अपील की है कि वे निर्धारित अवधि में अपने निर्वाचक विवरण की जांच करें और जरूरत पड़ने पर दावा-आपत्ति की प्रक्रिया में सक्रिय रूप से भाग लें। इससे निर्वाचक सूची को शुद्ध और अद्यतन बनाने में मदद मिलेगी।

