पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने एक बार फिर विवादित बयान दिया है। इस बार उन्होंने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में प्रदर्शनकारियों पर हुई कार्रवाई का बचाव किया है। ख्वाजा आसिफ ने अपने बयान में कहा कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ की गई कार्रवाई सही थी। उन्होंने उन्हें “भारत जैसा दुश्मन” बताते हुए इस कदम को उचित ठहराने की कोशिश की।
बताया जा रहा है कि पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में पिछले दो महीनों से लोग अपनी मांगों को लेकर लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी दौरान हुई कार्रवाई में 14 प्रदर्शनकारियों की मौत हुई थी, जिस पर अब पाकिस्तान सरकार की आलोचना हो रही है। रक्षा मंत्री के इस बयान के बाद मामला और अधिक चर्चा में आ गया है।
क्या कहा ख्वाजा आसिफ ने?
रिपोर्ट के मुताबिक, एक टीवी चैनल पर इंटरव्यू देते हुए ख्वाजा आसिफ ने कहा, ‘मैं प्रदर्शनकारियों को भारत के साथ ही रखता हूं और उन्हें उतना ही दुश्मन मानता हूं जितना कि भारत को.’
प्रदर्शनकारियों की जान कैसे गई?
मंगलवार 28 जुलाई को JAAC के प्रदर्शनकारी POK के रावलकोट से मुज़फ्फराबाद की तरफ मार्च कर रहे थे. उनकी मांग है कि POK असेंबली में उन 12 सीटों को ख़त्म किया जाए जो कश्मीरी शरणार्थियों के लिए रिज़र्व हैं. पार्टी का कहना है कि उन सीटों की वजह से इस्लामाबाद स्थित राजनीतिक पार्टियों का सरकार बनाने में दख्ल बढ़ जाता है. प्रदर्शनकारियों की मांग है कि केवल POK के निवासियों को अपना प्रतिनिधि चुनने का अधिकार होना चाहिए.
रिपोर्ट के मुताबिक, आंदोलनकारियों का कहना है कि प्रदर्शन शांतिपूर्ण था. बताया गया कि करीब 5000 प्रदर्शनकारी प्रोटेस्ट में शामिल हुए थे. लेकिन पाकिस्तानी सिक्योरिटी फोर्स ने उनपर कथित तौर पर गोलीबारी कर दी. इसी घटना में 14 प्रोटेस्टर्स की मौत हो गई. बताया गया कि मरने वालों में JAAC के संस्थापक उमर नज़ीर के छोटे भाई उस्मान नज़ीर की भी मौत हो गई.
पाकिस्तानी सरकार ने एक अलग कहानी सुनाई. दावा है कि प्रदर्शनकारियों के पास मॉडर्न हथियार थे और वो सुरक्षाकर्मियों को निशाना बना रहे थे. इसी मुठभेड़ में गोलीबारी की गई. ये आंदोलन 5 जून को शुरू हुआ था. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अभी तक कुल 80 प्रदर्शनकारियों की हत्या हो चुकी है. हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की जा सकती.
पाकिस्तान के रुख पर भारत ने भी जवाब दिया. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि पाकिस्तान POK में अपने अवैध कंट्रोल को वैध करने के लिए ऐसा कर रहा है. लेकिन इससे भारत का पक्ष नहीं बदलेगा. उन्होंने कहा कि पूरा जम्मू-कश्मीर, जो पाकिस्तान के कब्जे में है, वो भी भारत का अभिन्न अंग है. उन्होंने ये भी कहा कि POK में लोग इसलिए भी विरोध कर रहे हैं क्योंकि वे आर्थिक तंगी और प्रशासन की नाकामी के शिकार हैं.

