नवादा: बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग द्वारा गृह रक्षा वाहिनी में अधिनायक लिपिक पद पर चयन के लिए आयोजित परीक्षा के प्रश्नपत्र वायरल होने के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर एक शिक्षक को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक जांच में शिक्षक की भूमिका महत्वपूर्ण पाई गई है।
पुलिस के अनुसार, 10 जून को आयोजित परीक्षा के प्रश्नपत्र के सोशल मीडिया पर वायरल होने के मामले में कार्रवाई करते हुए तकनीकी सर्विलांस की मदद से आरोपी शिक्षक अजय कुमार को अकबरपुर से गिरफ्तार किया गया। वह उत्क्रमित मध्य विद्यालय, पसिया अकबरपुर में शिक्षक के पद पर कार्यरत था।
आयोग के संज्ञान के बाद शुरू हुई जांच
प्रश्नपत्र वायरल होने की सूचना सामने आने के बाद बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग ने मामले का संज्ञान लिया था। आयोग से प्राप्त पत्र के आधार पर नवादा के पुलिस अधीक्षक अभिनव धीमान ने जांच का निर्देश दिया।
जांच के दौरान पता चला कि वायरल प्रश्नपत्र द दीक्षा पब्लिक स्कूल, मालगोदाम छाय रोड स्थित परीक्षा केंद्र के कमरा संख्या-15 से संबंधित था। यह फोटो परीक्षा के बाद बचे प्रश्नपत्र का बताया गया है।
सीसीटीवी फुटेज में मिले अहम सुराग
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी शिक्षक अजय कुमार परीक्षा केंद्र पर केंद्राधीक्षक की अनुमति से मौजूद था। सीसीटीवी फुटेज की जांच में उसके द्वारा प्रश्नपत्र लेकर कमरे से बाहर जाने और कुछ समय बाद पुनः प्रश्नपत्र के साथ कमरे में लौटने के दृश्य मिले हैं।
पुलिस का कहना है कि इसी दौरान प्रश्नपत्र की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। प्रथम दृष्टया जांच में प्रश्नपत्र वायरल करने में आरोपी की भूमिका प्रमुख पाई गई है।
तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी
इस मामले में बन्दोबस्त कार्यालय, नवादा में पदस्थापित राजस्व अधिकारी सह कानूनगो ईश्वर प्रसाद की शिकायत पर 12 जून को नगर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। परीक्षा के दौरान वे स्टैटिक दंडाधिकारी सह प्रेक्षक के रूप में प्रतिनियुक्त थे।
प्राथमिकी में केंद्राधीक्षक एवं उत्क्रमित मध्य विद्यालय चितरकोली, रजौली के प्रधानाध्यापक गणेश पासवान तथा वीक्षक के रूप में तैनात मध्य विद्यालय डोहरा की शिक्षिका अनुष्का रानी को भी नामजद किया गया है। शिकायत के अनुसार, दोनों की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई है।
पुलिस का बयान
सदर एसडीपीओ-01 हुलाश कुमार ने बताया कि आयोग के निर्देश के आलोक में मामले की जांच कर प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले में केंद्राधीक्षक समेत तीन लोगों को आरोपी बनाया गया है। गिरफ्तार शिक्षक को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।

