
होल्डिंग टैक्स वृद्धि वापस लेने राज्य सरकार को भेजा जाएगा प्रस्ताव : महापौर संजीव सिंह
धनबाद(DHANBAD): धनबाद नगर निगम की सामान्य बोर्ड बैठक आज महापौर संजीव सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में उपमहापौर अरुण चौहान, नगर आयुक्त, उप नगर आयुक्त, सहायक नगर आयुक्त, सभी पार्षद एवं निगम कर्मी उपस्थित रहे। बैठक में शहर की सफाई व्यवस्था, जलजमाव, पेयजल संकट, सड़क सुरक्षा एवं जनसुविधाओं से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा कर निर्णय लिए गए।
आगामी मानसून को देखते हुए शहर में जलजमाव की समस्या से निपटने को लेकर निगम ने विशेष तैयारी शुरू कर दी है। बोर्ड ने हाई-टेक जल निकासी मशीनों की खरीद को मंजूरी दे दी है, ताकि बरसात के दौरान विभिन्न मोहल्लों में जलभराव की स्थिति से त्वरित राहत मिल सके।
बैठक में आम जनता को राहत देने वाला बड़ा निर्णय लेते हुए होल्डिंग टैक्स में की गई 10 प्रतिशत वृद्धि को निरस्त करने हेतु राज्य सरकार को प्रस्ताव भेजने पर सहमति बनी। इसके अलावा जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने की जटिल प्रक्रिया को सरल करने के लिए केंद्र सरकार को भी प्रस्ताव भेजा जाएगा।
पेयजल संकट को लेकर बोर्ड ने निर्णय लिया कि जिन क्षेत्रों में बोरिंग या पाइपलाइन जलापूर्ति उपलब्ध नहीं है, वहां नई पानी टंकियां स्थापित की जाएंगी। साथ ही टैंकरों को किराये पर लेकर नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
पार्षदों की मांग पर पोस्टमार्टम हाउस के पास शेड निर्माण, आरओ वाटर मशीन लगाने और शहर में नई स्ट्रीट लाइटें लगाने के प्रस्तावों पर भी मुहर लगी। सड़क सुरक्षा को मजबूत करने के लिए भारी वाहनों की टोइंग हेतु विशेष क्रेन खरीदने का निर्णय भी लिया गया।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत 851 पात्र लाभुकों के चयन एवं 113 लाभार्थियों की प्रत्यार्पण सूची को सदन ने स्वीकृति दी, जिससे गरीब परिवारों को आवास उपलब्ध कराने की दिशा में रास्ता साफ हुआ।
बैठक में नगर निगम के दैनिक वेतनभोगी स्वच्छता कर्मियों के हित में भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। उनके पारिश्रमिक में वृद्धि और उन्हें कुशल श्रेणी में शामिल करने के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी गई।
स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से बोर्ड ने शहरी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के संचालन हेतु मानव बल प्रदाता एजेंसी का कार्यकाल दो महीने बढ़ाने तथा वर्तमान में किराये के भवनों में संचालित 14 आरोग्य मंदिरों को छह माह के भीतर सरकारी भवनों में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया।
बैठक के दौरान पार्षदों ने मानदेय भुगतान में देरी पर नाराजगी जताई तथा जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र के नियमों में बदलाव की मांग को लेकर एकजुट होकर आवाज उठाई।
बैठक के बाद महापौर संजीव सिंह ने कहा कि शहर की सफाई व्यवस्था नगर निगम की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है और हर वार्ड में सफाई कर्मियों की संख्या बढ़ाकर व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाएगा।
NEWSANP के लिए धनबाद से कुंवर अभिषेक सिंह की रिपोर्ट

