DESK: आज इस तिज़ाराती दौर में सबकुछ का मोल -भाव और कीमत लगी हुई है. एक आम इंसान के लिए थोड़े -थोड़े पैसे जुगाड़ और बचत करना ही सबसे बड़ी चुनौती है. लेकिन इस चिज़ और बात को यकीन मानिए की समय ही धन और दौलत है. अगर कोई रोजाना 20 रूपये ही बचत करता है, तो महीना 600 रूपये हो जाता है.
अगर इस पैसे को म्यूच्यूअल फण्ड, निफ़्टी इंडेक्स फण्ड, ETF या गोल्ड म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश करें तो 30 से 35 सालों में 50 लाख से 1 करोड़ का फण्ड बन जायेगा.
आप सोचिये 20 रूपये यानि 600 रूपये महीने की बचत अगर कोई 30 साल कर लेता है तो कुल बचत इन 30 सालों में 2 लाख 16,000 हजार रूपये होंगे और निवेश के जरिये 50 से 1 करोड़ तक बन जायेगा.
अगर 50 लाख भी हो जाता है तो हर महीने म्यूच्यूअल फण्ड के SWP से 30 हजार रूपये महीना आप निकाल सकते है. जो आप और आपकी आने वाली पीढ़ियों तक को मिलेगा और यही 50 लाख रूपये अगले 9 से 10 सालों में 1 करोड़ हो जायेगा. जो पैसा आप मंथली 30 हजार निकालते थे 1 करोड़ होने पर 60 हजार निकालेंगे. और ये सिलसिला कंपाउंडिंग के जादू से बढ़ता ही जायेगा यानि हर महीने पैसे में भी अगले तक़रीबन 10 साल में दुगुना मिलेगा और आपका निवेश का पैसा भी डबल होगा.
सोचिये आपके रोजाना 20 रूपये की बचत या महीने 600 रूपये की बचत से आप करोड़ों रूपये आपके हाथों में होगा. इससे आप ही नहीं आने वाली पीढ़ियां भी फायदा उठाएगी.
आप खुद समझिए कि पैसे से ज्यादा समय की कीमत है. ये जो पैसा बना ये आपके चंद रुपयों से बना यानि आपके रोजाना 20 रूपये की बचत से. जो कि आज इस महंगाई के ज़माने में कुछ भी नहीं है. आज बच्चे भी रोजाना पॉकेट खर्च 20 रूपये से ज्यादा ही लेते है.आपको 20 रूपये में एक बेहतरीन चॉकलेट और समोसा- चाट के लिए भी इससे ज्यादा खर्च करने पड़ते है.इसीलिए पैसे से ज्यादा समय यानि वक़्त की कीमत है. यह समय ही असली दौलत है. इसीलिए इसकी अवहेलना और अनदेखी सबसे बड़ी गलती है.क्योंकि इसके बाद सिर्फ आपके हाथ और दामन में पछतावें के सिवा कुछ भी नहीं मिलता.
ये याद रखने और अपने तजुर्बे से परखने की चिज़ है कि बिता हुआ समय वापस नहीं आ सकता, जबकि हकीकत है कि पैसा आ सकता है.
नोट -किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से संपर्क करें. ये लेख सिर्फ शिक्षा के लिए है.
NEWSANP के लिए शिवपूजन सिंह की रिपोर्ट

