झरिया(JHARIYA): कौन सुनेगा, किसको सुनाओ, इसलिए चुप रहता हूं। यह फिल्म सौतन की बेटी 1989 में रिलीज हुई थी जिसमें जितेंद्र कुमार रेखा व अभिनेत्री जयाप्रदा ने किराएदार के रूप में कार्य किया था और उस जमाने में यह गाना पर्दे के साथ-साथ लोगों के दिलों पर राज किया था।

इस गाना का जीता जागता उदाहरण दिखाई दे रहा है जहां एक करोड़ की लागत से बने लघु उद्योग आज अपनी बदहाली पर आंसू बहा कर रोने को मजबूर है। बताते चालें कि लोदना एरिया 10 अंतर्गत नोर्थ, साउथ तिसरा जिनागोडा़ एकीकृत विभागीय परियोजना के कुछ ही दूरी पर वर्षों पहले गोकूल पार्क स्थित लगभग एक करोड़ की लागत से झारक्राफ्ट लघु उद्योग का निर्माण किया गया था।
ताकि आस पास के ग्रामीण महिलाओं को सबल व आत्म निर्भर बनाया जा सके। लेकिन आज यह लघु उद्योग चालु होने से पहले ही उजड़ गई और अपनी बदहाली पर आंसू बहाने को मजबूर है। जिससे क्षेत्रीय लोहा चोरों को किमती सामानों की चोरी करने की खुली आजादी हो गई है,
अब तो आलम यह है कि जहां लोहा चोरों द्वारा रात के अंधेरे में लोहा कटिंग कर घटना को अंजाम दिया जाता था, अब दिन के उजालों में भी अंजाम देना शुरू कर दिया है। वहीं स्थानीय सीआईएफ व क्षेत्रीय बीसीसीएल प्रबंधन मूकदर्शक बनकर चुपी साधे हुए हैं। जिसे आए दिन उसके कीमती कल पुर्जे काटकर ठिकाना लग रहे हैं। जिससे करोड़ों रुपए की लागत से बनी झारक्राप्ट लघु उद्योग यानी हस्त करघा योजना धरातल पर धरी की धरी रह गई।
देखतें देखतें हस्तकरघा में काम आने वाले करोडों की मशिनों कों चोरों द्वारा चोरी कर ली गई। जबकि उस कैम्पस में एन टी/एस टी परियोजना का वर्क शाॅप कार्यालय था। जो फिलहाल कई सालों से बंद पड़े हुए हैं वर्कशॉप तो बंद हो गया लेकिन आज भी करोड़ों की मशीन ब्रेकडाउन वहां पर कबाड़ के रूप में पड़े हुए हैं। जिसकी देखरेख के लिए बीसीसीएल प्रबंधन ने कोई पहल नहीं किया है।
जिससे चोरों द्वारा लघु उद्योग के साथ-साथ उस कबाड़ में पड़े मशीनों को भी अपना निशाना बनाते हुए कटिंग कर करके नितिन घटना को अंजाम दे रहे हैं। सरकारी संपत्ति की लूट से कंपनी को करोड़ों के नुकसान हो रही है, जिसका देखरेख करने वाला सिस्टम तो है, लेकिन उसे नजर अंदाज कर चोरों को हवाले कर दिया गया है। इससे साफ प्रतीत होता है कि कहीं ना कहीं स्थानीय बीसीसीएल प्रबंधन के साथ-साथ क्षेत्रीय सीआईएसएफ की घोर लापरवाही है या नहीं तो कुछ तो जरुर दाल में काला है।
NEWS ANP के लिए झरिया से अरविन्द सिंह की रिपोर्ट..
