Sanctions on Pakistan: राजद और जन सुराज पीएम मोदी के साथ, पाकिस्तान के खिलाफ सख्त फैसले पर बोले- कड़ी कार्रवाई हो…

Sanctions on Pakistan: राजद और जन सुराज पीएम मोदी के साथ, पाकिस्तान के खिलाफ सख्त फैसले पर बोले- कड़ी कार्रवाई हो…

Sanctions on Pakistan: केंद्र सरकार द्वारा जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान के खिलाफ लिए गए सख्त फैसलों को लेकर बिहार के नेताओं ने सरकार का समर्थन किया है. राजद नेता मृत्युंजय तिवारी ने इस आतंकी हमले को बेहद निंदनीय करार देते हुए कहा कि 26 निर्दोष लोगों की हत्या ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है. भारत सरकार का फैसला सही है.

आतंकवाद के अड्डों को जड़ से खत्म किया जाए- प्रशांत किशोर
जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने भी भारत सरकार के इस फैसले को सही ठहराया. उन्होंने कहा कि सरकार ने जो भी कदम उठाए हैं, पूरा देश उसके साथ खड़ा है, लेकिन अब वक्त है कठोरतम फैसलों का. उन्होंने मांग की कि आतंकवादियों को उन्हीं की भाषा में जवाब दिया जाए और उनका सफाया किया जाए. साथ ही उन्होंने यह सवाल भी उठाया कि इतने बड़े पर्यटक स्थल पर पर्याप्त सुरक्षा बल क्यों नहीं थे, और आखिर कहां चूक हुई? उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के खिलाफ जो निर्णय लिए जा रहे हैं, वे अब तक के सबसे कठोर फैसले हैं, लेकिन यह भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि आतंकवाद के अड्डों को जड़ से खत्म किया जाए.

मेहंदी उतरने से पहले आतंकियों ने कर दी पति की हत्या- बीजेपी एमएलसी
भारतीय जनता पार्टी की एमएलसी निवेदिता सिंह ने भी इस हमले की कड़ी निंदा की और कहा कि यह एक दुर्भाग्यपूर्ण और अमानवीय कृत्य है. उन्होंने कहा कि जिस महिला के हाथों की मेहंदी का रंग भी नहीं उतरा था उसके पति की हत्या कर दी गई. इस तरह के जघन्य अपराध को अंजाम देने वाले, किसी धर्म या जाति से नहीं होते, उनका एकमात्र मकसद दहशत फैलाना होता है.

उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने इस हमले के बाद जो भी निर्णय लिए हैं, वे ऐतिहासिक हैं. इनमें पाकिस्तान में भारतीय उच्चायोग को बंद करना, सिंधु जल समझौते पर रोक लगाना, पाकिस्तानी राजनयिकों को एक सप्ताह में देश छोड़ने का निर्देश देना और पाकिस्तान के साथ हर प्रकार के कूटनीतिक संबंधों को सीमित करना शामिल है. उन्होंने कहा कि अब यह समय सिर्फ कार्रवाई का है. भारत अब किसी भी सूरत में आतंकी गतिविधियों को सहन नहीं करेगा और आतंकियों के सरपरस्तों को भी इसका परिणाम भुगतना होगा.

NEWSANP के लिए ब्यूरो रिपोर्ट

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