सिंदरी(SINDRI): बीआईटी सिंदरी की केमिकल इंजीनियरिंग सोसाइटी द्वारा आयोजित वार्षिक तकनीकी महोत्सव QUIMICA’26 का शुभारंभ अत्यंत उत्साह और गरिमा के साथ किया गया। इस अवसर पर अनेक प्रतिष्ठित शिक्षाविद्, उद्योग विशेषज्ञ तथा गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति ने आयोजन को विशेष बना दिया।
कार्यक्रम का आरंभ बीआईटी सिंदरी के कुलगीत के सुमधुर प्रस्तुतीकरण से हुआ, जिसने पूरे वातावरण में गर्व और एकता का भाव उत्पन्न किया। इसके पश्चात दीप प्रज्ज्वलन किया गया, जो ज्ञान के प्रकाश और अज्ञान के नाश का प्रतीक है।
आमंत्रित अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिन्ह प्रदान कर किया गया। इस अवसर पर मुख्य रूप से डॉ. मिथिलेश कुमार झा (प्राचार्य, एमआईटी मुजफ्फरपुर), भीम सिंह (1976 बैच के विशिष्ट पूर्व छात्र) तथा डॉ. मदन गोपाल त्यारी (प्राचार्य, गोड्डा इंजीनियरिंग कॉलेज) उपस्थित रहे। साथ ही डॉ. पंकज राय (निदेशक, बीआईटी सिंदरी), डॉ. घनश्याम (अध्यक्ष, करियर डेवलपमेंट सेंटर), प्रो. प्रफुल्ल शर्मा (विभागाध्यक्ष, सिविल इंजीनियरिंग), डॉ. आर. के. वर्मा (अधिष्ठाता, छात्र कल्याण), डॉ. बी. एन. रॉय (अधिष्ठाता, अनुसंधान एवं विकास), डॉ. प्रकाश कुमार (विभागाध्यक्ष, प्रोडक्शन एवं इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग), डॉ. सदानंद विमल (विभागाध्यक्ष, भौतिकी), तथा डॉ. अमित गुप्ता (विभागाध्यक्ष, केमिकल इंजीनियरिंग) सहित विभाग के अन्य प्राध्यापकगण—डॉ. अमर कुमार, डॉ. अजय उरांव, डॉ. अभिषेक आनंद हेम्ब्रम, डॉ. सी. एच. वी. रघुनाथ, डॉ. सुनील कुमार सिंह, डॉ. दिवाकर पांडेय, डॉ. पूर्णिमा पांडेय, प्रो. देविना रत्नम, डॉ. निरुपमा एवं डॉ. अशोक कुमार बर्नवाल—की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिससे आयोजन की शोभा और बढ़ गई।
औपचारिक कार्यक्रम की शुरुआत केमिकल इंजीनियरिंग सोसाइटी, QUIMICA की प्रोफेसर-इन-चार्ज डॉ. निरुपमा के उद्घाटन संबोधन से हुई, जिसमें उन्होंने ऐसे तकनीकी मंचों की आवश्यकता पर प्रकाश डाला, जो छात्रों में नवाचार, रचनात्मकता और व्यावहारिक समझ को विकसित करते हैं।
इसके उपरांत विभागाध्यक्ष डॉ. अमित गुप्ता ने विद्यार्थियों को QUIMICA’26 में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया तथा उपलब्ध अवसरों का अधिकतम लाभ उठाने का संदेश दिया।
इसके बाद निदेशक डॉ. पंकज राय ने अपने विचार व्यक्त करते हुए अनुशासन, समर्पण और सतत् अध्ययन को वर्तमान प्रतिस्पर्धी युग में सफलता का आधार बताया।
विशिष्ट अतिथि भीम सिंह ने अपने दीर्घ औद्योगिक अनुभव के आधार पर छात्रों का मार्गदर्शन किया और व्यावसायिकता, अनुशासन तथा परिस्थितियों के अनुरूप स्वयं को ढालने की महत्ता को रेखांकित किया।
अंत में मुख्य अतिथि डॉ. मिथिलेश कुमार झा ने अपने संबोधन में तकनीकी प्रगति, नवाचार तथा समाज के प्रति इंजीनियरों की जिम्मेदारी पर विचार प्रस्तुत करते हुए उपस्थित जनसमूह को प्रेरित किया।
उद्घाटन समारोह का समापन प्रोफेसर-इन-चार्ज प्रो. अशोक बर्नवाल द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें सभी अतिथियों, आयोजकों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
उद्घाटन के उपरांत डॉ. मिथिलेश कुमार झा द्वारा “पेट्रोलियम उद्योग का अवलोकन” विषय पर एक ज्ञानवर्धक सेमिनार आयोजित किया गया। व्याख्यान के दौरान वैश्विक स्तर पर तेल एवं गैस के वितरण, उनके ऐतिहासिक विकास, उत्पादन प्रक्रियाओं, प्रमुख औद्योगिक परियोजनाओं तथा दैनिक जीवन में उनकी उपयोगिता पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही वर्तमान चुनौतियों एवं भविष्य की संभावनाओं पर भी महत्वपूर्ण विचार साझा किए गए।
इस प्रकार QUIMICA’26 का उद्घाटन समारोह उत्कृष्टता, नवाचार और तकनीकी प्रगति की दिशा में एक प्रेरणादायक शुरुआत सिद्ध हुआ।
NEWSANP के लिए सिंदरी से ब्यूरो रिपोर्ट

