भागलपुर(BIHAR): जिले के परबत्ता थाना क्षेत्र में 28 सितंबर को 18 लाख रुपये की कथित लूट का मामला अब फर्जी साजिश के रूप में सामने आया है। पुलिस ने मामले का सफल उद्भेदन करते हुए मुख्य साजिशकर्ता इस्तेखार सहित कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
इस मामले में वादी इस्तेखार ने 28 सितंबर को थाना में शिकायत दर्ज कराई थी कि जमुनिया गांव के पास दो अज्ञात अपराधियों ने उसकी बाइक रोककर ₹10,25,000 लूट लिए। मामला परबत्ता थाना कांड संख्या 100/25 के तहत दर्ज किया गया था।
जांच में खुली पोल, खुद बनाई थी लूट की योजना
पुलिस अधीक्षक, नवगछिया के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें डीवाई प्रभारी अमित कुमार के नेतृत्व में कई पुलिसकर्मी शामिल थे।
जांच के क्रम में जब CCTV फुटेज और तकनीकी साक्ष्य को खंगाला गया तो पुलिस को कई संदेहास्पद गतिविधियां नजर आईं। पूछताछ और साक्ष्य के आधार पर वादी इस्तेखार, शमीम अख्तर, दीपक, और सचिन कुमार को गिरफ्तार किया गया।
पूछताछ में इस्तेखार ने स्वीकार किया कि वह कर्ज में डूबा हुआ था और कर्ज चुकाने के लिए उसने अपने साथियों के साथ फर्जी लूट की योजना रची थी।
सबूतों के साथ गिरफ्तारी
गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से:
- एक बैग (जिसमें लूट की रकम कथित रूप से रखी गई थी),
- कुछ पुरानी बैंक रसीदें,
- और घटना से जुड़ा मोबाइल फोन बरामद किया गया है।
मोबाइल में एक वीडियो भी मिला है, जिसमें घटना के बाद आरोपी बैग को खोलते नजर आ रहे हैं, और कहते हैं “पैसा तो इसमें है ही नहीं।”
अभियुक्तों पर पहले से आपराधिक मामले दर्ज
गिरफ्तार आरोपी दीपक और राहुल कुमार के खिलाफ पहले भी इस्माइलपुर और कहलगांव थाना क्षेत्र में अपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस टीम को मिलेगा इनाम
इस फर्जी लूट की साजिश का भंडाफोड़ करने वाली विशेष छापामारी टीम में शामिल पदाधिकारियों को पुलिस विभाग द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा।
छापामारी टीम में शामिल:
- अमित कुमार (प्रभारी, डीवाई)
- सुजीत कुमार
- कुमार रवि
- सुरज कुमार
NEWSANP के लिए बिहार से ब्यूरो रिपोर्ट

