धनबाद(DHANBAD): SJAS सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल, धनबाद के विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने पुनः हॉस्पिटल के CEO डा० जितेंद्र सिंह के निर्देशन में एक अद्भुत और जीवन रक्षक चिकित्सकीय करिश्मा दिखाते हुए मात्र 15 मिनट में बच्ची के गले में फंसे 10 रुपये के सिक्के को बिना किसी चीर-फाड़ के सफलतापूर्वक बाहर निकाला। इस सफल आपरेशन को अंजाम देकर डाक्टरों ने छह वर्षीय नन्ही बच्ची की जान को बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
ज्ञात हो की सभी प्रकार की चिकित्सकीय सुविधाओं एवं उन्नत अत्याधुनिक संसाधनों से संपन्न यह अस्पताल धनबाद सहित पूरे प्रदेशवासियों के लिए वरदान साबित हो रहा है। जटिल से जटिल स्थिति में भी मरीजों को कम खर्च में बेहतर इलाज उपलब्ध कराने हेतु इस हास्पिटल की समाज में प्रसिद्धि बढ़ रही है। आज एक महीने के भीतर ही तीसरे मरीज ( छह वर्षीय) के अत्यंत संवेदनशील और जटिल स्थिति में गले में फँसे 10 रुपये के सिक्के को बिना किसी चीर-फाड़ के सफलतापूर्वक बाहर निकाल कर लोगों के विश्वास पर पुनः खरा साबित हुआ है, इस प्रक्रिया में चिकित्सकों ने अपने अनुभव और नवीनतम तकनीक का उपयोग करते हुए बच्चे की जान को अपनी त्वरित चिकित्सकीय सहायता से बचाया। गले में सिक्का गले में फंस जाने की वजह से इस नन्ही बच्ची पर जान का गंभीर खतरा मंडरा रहा था, परंतु SJAS हॉस्पिटल की कुशल टीम ने त्वरित और सटीक कार्रवाई कर बच्चे को किसी भी तरह की तकलीफ या जटिलता से बचाया।
डॉक्टरों ने बताया कि बिना चीर-फाड़ के यह प्रक्रिया बच्चे के लिए कम से कम दर्दनाक और सुरक्षित साबित हुई, जिससे बच्ची और बच्ची के परिवार को मानसिक और शारीरिक राहत मिली। SJAS सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल हमेशा से ही अपनी विशेषज्ञता, नवीनतम तकनीकी उपकरणों और संवेदनशील चिकित्सा सेवा के लिए प्रसिद्ध रहा है।
हॉस्पिटल प्रबंधन और चिकित्सक इस सफलता पर गर्व महसूस कर रहे हैं और आगे भी हर चुनौती को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
NEWSANP के लिए धनबाद से कुंवर अभिषेक सिंह की रिपोर्ट

