आसनसोल(ASANSOL): पश्चिम बंगाल आसनसोल बर्णपुर के इसको स्टील पलांट मे 1936 मे बने पाँच कुलिंग टावर को कंपनी के द्वारा बिना किसी आसपास के इलाके के नुकसान के सफलता पूर्वक ध्वस्त करवा दिया गया है, कंपनी के पिआरओ भास्कर कुमार की अगर माने तो इसको स्टील प्लांट मे बना यह पांचो कुलिंग टावर प्लांट मे स्टील मैकिंग प्रोसेसिंग के द्वारान इस्तेमाल होने वाले पानी को ठंडा करने का काम कर्ता था, इसके अलावा यह टावर आसनसोल के लिये एक इतिहासिक धरोहर भी था, जो कई किलोमीटर की दुरी से दिखाई देता था, लोग दूर से ही इसको स्टील प्लांट मे स्थित इस कुलिंग टावर को दिखाकर आसनसोल का या फिर इसको स्टील प्लांट का पता बता देते थे, उन्होंने यह भी कहा की इस कुलिंग टावर की लम्बाई और चौड़ाई की अगर हम बात करें तो इसकी लम्बाई 72 मीटर तो चौड़ाई 30 से 45 मीटर के आसपास थी, उन्होंने कहा समय के साथ -साथ बदलाव होना निश्चित है, यही कारण है की हमारी जिंदगी मे तो बदलाव होती ही है साथ मे इस प्लांट मे भी कुछ नए और आधुनिक व एडवांस कार्य के लिये बदलाव होना है, उसी बदलाव के मद्दे नजर प्लांट के इस इतिहासिक धरोहर को धवस्त कर दिया गया, क्योंकि कंपनी इसी जगह पर प्लांट का विकाश कार्य शुरू करने जा रही है, जिस विकाश कार्य के लिये कंपनी के पास यही जमीन है जहाँ एक और नया प्लांट बैठाया जा सकता है और रही बात इस कुलिंग टावर की तो स्टील मैकिंग प्रोसेसिंग के दौरान इस्तेमाल होने वाली पानी को ठंडा करने के लिये कंपनी के पास अत्याधुनिक व हाइटेक मशीने उपलब्ध हैं, जो कम जगह मे कुलिंग टावर से बेहतर सर्विस दे रही हैं, उन्होंने यह भी कहा इन पांचो कुलिंग टावर को धवस्त करने के दौरान प्लांट के आसपास के इलाकों मे किसी तरह की नुकसान नही पहुँचे उसके लिये उन्होंने साऊथ अफ्रीका और मुंबई से दो बड़ी कंपनियों को बुलवाया था, जो कम्पनियाँ पिछले 6 महीनों से पांचो टावरों मे एक्सीप्लोसीव फिट कर रही थी, काम पूरा होने के बाद टावरों को धवस्त करने के लिये कंपनी द्वारा बकायदा एक दिन तय किया गया और रविवार को कड़ी सुरक्षा के बिच प्लांट ही नही बल्कि आसनसोल की जनता के आँखों के सामने महज पाँच सेकेंड के भीतर पांचो टावरों को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया, वहीं इलाके के लोगों की अगर माने तो प्लांट मे मौजूद यह पांचो टावर आसनसोल के एक इतिहासिक धरोहर थे, जो धरोहर आज धवस्त हो गए, उनकी अगर माने तो प्लांट मे मौजूद पांचो कुलिंग टावर प्लांट ही नही बल्कि आसनसोल की यह एल सुंदरता भी थी, जो सुंदरता आज ख़त्म हो गई, हाँ अगर आसनसोल के लिये आज गलत हुआ है तो कुछ अच्छा भी हुआ है, इन टावरों को तोड़कर कंपनी एक और प्लांट बनाने जा रही है जिससे देश मे रोजगार का और भी साधन बढ़ेगा, उन्होंने यह भी कहा इन टावरों की तरह दूसरा टावर कोई नही बना सकता यह टावरें अपने आप मे एक मिशाल थीं.
NEWSANP के लिए आसनसोल से अतीक रहमान की रिपोर्ट

