आसनसोल(ASaNSOL): पश्चिम बंगाल आसनसोल साऊथ पुलिस फाड़ी के भगत सिंह मोड़ स्थित बहूचर्चित इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी क्रोमा और नियामतपुर पुलिस फाड़ी अंतर्गत बालाजी नाम की नामी ग्रामी इलेक्ट्रेनिक्स कंपनी के द्वारा गरीबी रेखा के अंतर्गत आने वाले लोगों को लॉन दीये जाने की बात कहकर नियामतपुर पुलिस फाड़ी अंतर्गत रहने वाले टीपू नाम के एक सक्स द्वारा उनके जरुरी कागजात और दस्तावेज जमा करवाकर उनको बिना बताए उनके नाम से फ्रिज, एसी, मोबाईल फोन, वासिंग मशीन, सहित कई अन्य इलेक्ट्रोनिक्स सामान फाइनेंस करवाकर रफू चक्कर हो जाने का मामला सामने आया है, जिसकी एक लिखित शिकायत आसनसोल के नियामतपुर पुलिस फाड़ी मे दर्ज करवाई गई है, हैरानी की बात तो यह है की जब आरोपी के नाम से नियामतपुर पुलिस फाड़ी मे शिकायत की गई तब एक के बाद एक आसनसोल के विभिन्न इलाकों से करीब आठ सौ लोग सामने आए जिनसे आरोपी टीपू ने यह कहकर उनके जरुरी कागजात और दस्तावेज लिये थे की वह उनको बिना इंट्रेस्ट के इन दोनों इलेक्ट्रोनिक्स कंपनियों से पाँच से दस हजार रुपए लॉन दिलवा देगा, आरोपी टीपू ने लोगों को अपने वादे के अनुसार लॉन के नाम पर पाँच से दस हजार रुपए दीये भी और लोगों को इन दोनों इलेक्ट्रोनिक्स कंपनियों मे बैठाकर उनके सारे कागजात और दस्तावेज जमा करवाकर लॉन की परिकिर्या दिखाकर उनके नाम से इलेक्ट्रोनिक्स सामान फाइनेंस करवा लिया और वह उन लोगों के नाम पर फाइनेन्स किए हुए इलेक्ट्रोनिक्स सामान के बिना पैसे भरे फरार हो गया, जिसका लोगों को पता भी नही चला और जब लोगों को पता चला तबतक बहोत देर हो चुकी थी, वहीं लोगों ने पहले तो आरोपी टीपू की तलाश शुरू की जब टीपू नही मिला तब ठगी के शिकार लोग बालाजी इलेक्ट्रोनिक्स और क्रोमा इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी पहुँचे जहाँ फाइनेंस कंपनी के बैठे एजेंटों ने उनके नाम पर इलेक्ट्रोनिक्स सामान फाइनेंस करवाया था वह भी उनको बिना कुछ जानकारी दीये, लोगों की अगर माने तो दोनों इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी मे मौजूद फाइनेंस कंपनी के एजेंट अगर उनको यह समय पर बता देते की उनके नाम पर क्या -क्या इलेक्ट्रोनिक्स सामान निकाले जा रहे हैं, तो वह ठगी का शिकार नही होते, उनको बिना सामान लिये पैसे भरने नही पड़ते, सोमवार को क्रोमा इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी शोरूम के सामने सैकड़ों लोग जमा हो गए और उनके साथ हुई ठगी करने वाले तमाम लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग करने लगे और यह कहते हुए नजर आए की दोनों इलेक्ट्रोनिक्स कंपनियों मे बैठे विभिन्न फाइनेंस कंपनियों के एजेंट आरोपी टीपू के साथ मिले हुए हैं और एक सोंची समझी साजिस के तहत इनलोगों ने मिलकर उनके नाम से लॉन दिलवाने के बहाने करोड़ों रुपए के इलेक्ट्रोनिक्स सामान फाइनेंस करवा लिये, ठगी की शिकार हुई सीमा कौर की अगर माने तो टीपू उनको लॉन दिलवाने के लिये क्रोमा इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी के शोरूम मे लाया था और उनके तमाम जरुरी कागजात और दस्तावेज जमा करवा लिये और उनको पांच हजार रुपए लॉन दीये यह कहकर की वह हर महीने हजार रुपए जमा कर दे इस लॉन का उनको कोई इंट्रेस्ट नही लगेगा, एक महीने के बाद उनको पता चला की उनके नाम पर लैपटॉप, मोबाईल, फ्रिज और वासिंग मशीन फाइनेंस करवाया गया, जिसके बारे मे वह जानती तक नही और ना ही उन्होंने कभी देखा है, रेयामा खातून ने कहा की उनको भी टीपू ने कहा की वह उनको क्रोमा इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी के शोरूम से दस हजार रुपए लॉन दिलवा देगा, वह शोरूम मे लाकर उनका सारा जरुरी कागजात और दस्तावेक जमा करवा लिया और उनको बिना इंट्रेस्ट के दस हजार रुपए देकर उनके नाम से टिवी, लैपटॉप, मोबाईल और वासिंग मशीन फाइनेंस करवा लिया है, उनको कुछ बताया तक नही है अब फाइनेंस वाले उनको परेशान कर रहे हैं उनके खाते मे जमा लखि भंडार के पैसे भी काट ले रहे हैं, वह अब जाए तो जाए कहाँ इस लिये वह न्याय के लिये क्रोमा इलेक्ट्रोनिक्स कंपनी शोरूम आई है, पर यहाँ कोई भी फाइनेंस कंपनी का एजेंट उनसे बात तक करने को तैयार नही, वह यही कह रहे हैं की उनको पैसे भरने होंगे, उन्होंने जो -जो सामान फाइनेंस करवाए हैं उन सभी सामानो के पैसे उनको किसी भी हाल मे भरने होंगे क्योंकि सामान उनके दस्तावेजों के आधार पर फाइनेंस किया गया है, मोहमद इसराफिल की अगर माने तो इन दोनों इलेक्ट्रोनिक्स कंपनीयों मे लॉन के नाम पर ठगी के शिकार हुए करीब आठ सौ लोगों मे 70% महिलाएं हैं जो गरीबी रेखा के अंतर्गत आती हैं साथ ही यह सभी महिलाएं गृहनी भी हैं जिनके आय की स्त्रोत के बारे मे अगर हम बात करें तो इनमे से अधिकतर महिलाएं लखि भंडार के पैसों पर निर्भर हैं, जो पैसे फाइनेंस कम्पनियाँ उनके अकाउंट से काट रही हैं, जिससे वह काफी परेशान हैं और न्याय मांग रही हैं.
NEWSANP के लिए आसनसोल से अतीक रहमान की रिपोर्ट

