झरिया(JHARIA): बच्चें की डिलीवरी कराने पहुंची महिला ने मातृ सदन हॉस्पिटल के संचालक व डॉक्टर पर लगाई गंभीर आरोप। बताते चलें कि भौरा थाना अंतर्गत पूर्णाडीह बस्ति निवासी गीता देवी को डिलीवरी के लिए 13 दिसंबर रात्रि 9:00 बजे मातृ सदन अस्पताल में उसके परिजनों ने भर्ती कराया था वही 14 तारीख की 12 बजकर 12 मिनट में एक लड़का पैदा हुआ आधे घंटे के बाद वहां हॉस्पिटल के नर्स द्वारा बच्चा को उसके परिजन को दिखाया गया। वहीं 36 घंटा के बाद अस्पताल के डॉक्टरों ने बच्चा को मृत घोषित करते हुए सूचना दिया कि आपका बच्चा डेथ कर गया है यह बातें सुनकर गीता के सास पार्वती देवी ससुर महादेव ठाकुर अपने परिजनों के साथ हॉस्पिटल रविवार को शाम पहुंच हो हंगामा करते हुए आरोप लगाया कि अस्पताल संचालक या डॉक्टर ने मेरे बच्चों को बदलकर दूसरे का मृत बच्चा को हमें सुपुर्द कर रहे हैं..
जबकि मेरा बच्चा जब डिलीवरी हुआ था तो पूरी तरह से स्वास्थ्य था। अगर बच्चा का तबियत बिगड़ा भी था तो हमें सूचना क्यों नहीं दिया गया। एकाएक 36 घंटे बाद मुझे मृत बच्चा अस्पताल द्वारा सुपुर्द किया जा रहा है जिसे हमलोग लेने से इंकार करते हैं मुझे सक है कि हमारे बच्चे को किसी को देते हुए दूसरे के मृत बच्चा हमे सौपने का काम कर रहे हैं।इसके लिए मैं प्रशासन से मांग करता हूं कि सर्व प्रथम बच्चा व उसके मां गीता का डीएनए टेस्ट कराया जाए उसके बाद ही हम अपने बच्चों को अपने कब्जे में लूंगा। हालांकि सामाचार लिखे जाने तक पीड़ित परिवार ने किसी भी तरह के लिखित शिकायत स्थानीय थाना में नही किया है इस संबंध में पूछे जाने पर गीता के ससुर महादेव ठाकुर ने बताया कि लिखित शिकायत क्षेत्रीय थाना में देने जा रहे हैं..
NEWSANP के लिए झरिया से अरविंद सिंह बुंदेला की रिपोर्ट

