देश का सबसे बड़ा वाशरी बताते हुए तत्कालीन सीएमडी ने मंत्री को बताया था 576 मिलियन अमरीकी डॉलर की होगी बचत
धनबाद(DHANBAD): बीसीसीएल के अधीन चलनेवाली मधुबन वाशरी के साइलो को ध्वस्त होने की बात आपने देखी सुनी होगी. बीसीसीएल के तत्कालीन सीएमडी समीरन दत्ता ने केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी और विभाग को गुमराह किया था. सीएमडी ने बताया था आत्मनिर्भर भारत का आदर्श उदाहरण बनेगी यह वाशरी पाँच
एमटीपीए उत्पादन क्षमता की पब्लिसिटी दत्ता ने की थी. वर्ष 2022 में केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी से इसका ऑनलाइन उद्घाटन कराया गया था. एक साल बाद समीरन दत्ता ने कॉमर्शियल स्तर पर इसका उद्घाटन किया था. जिसमें देश में कोकिंग कोल का इंपोर्ट घटने और 576 मिलियन अमरीकी डॉलर की बचत होने का लॉलीपॉप दिखाया गया था.
अभी 31 अगस्त को महानुभाव रिटायर हुए और उसके चंद दिनों के अंदर मधुबन वाशरी भर भराकर गिर गया और दत्ता साहब की सत्ता के समय की हाल हकीकत खोलकर रख दी. जाते जाते दत्ता साहब को घोटाले के एक आरोप में प्रेम पत्र पकड़ाया गया था. मधुबन वाशरी हादसे ने बता दिया कि तत्कालीन सीएमडी का खेल सिर्फ एक मामले में सीमित नहीं था. जांच हो तो वाशरी के खेल में भी उनके तमाशे का पता चल सकता है.
लोगों ने इस मामले में सीवीसी से जांच कराने की मांग की है कि दत्ता साहब की क्या भूमिका रही. आत्मनिर्भर भारत का सबसे बड़ा सपना जिस वाशरी को बताया गया था समीरन दत्ता के विदा होने के चंद दिनों में ही वह सपना टूटकर बिखर क्यों गया ?
NEWSANP के लिए धनबाद से ब्यूरो रिपोर्ट

