नई दिल्ली/इंफाल: मणिपुर के नगा-बहुल उखरुल ज़िले के लितान सारेखोंग इलाके में सोमवार (9 फरवरी) को भी तनाव जारी रहा। नगा और कुकी-जो समुदायों के बीच लगातार दूसरे दिन आगजनी और गोलीबारी की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे हालात और बिगड़ गए हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, रविवार और सोमवार के बीच दोनों समुदायों के 27–28 घरों को आग के हवाले कर दिया गया। मंगलवार सुबह भी कई खाली घरों में आगजनी और फायरिंग की खबरें आईं। स्थानीय लोगों का दावा है कि दस से अधिक घर जलाए गए, हालांकि आधिकारिक आंकड़ा स्पष्ट नहीं है।
इंटरनेट सेवाएं पांच दिन के लिए निलंबित
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने उखरुल ज़िले के राजस्व क्षेत्राधिकार में ब्रॉडबैंड, वीपीएन और वी-सैट सहित सभी इंटरनेट सेवाओं को पांच दिनों के लिए निलंबित कर दिया है।
भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत पहले से ही निषेधाज्ञा लागू है और सेना व अर्धसैनिक बल तैनात हैं, इसके बावजूद हिंसा थम नहीं रही है।
एक पुलिस अधिकारी के अनुसार, “हथियारबंद लोगों ने खाली पड़े घरों में आग लगाई और कई राउंड गोलियां चलाईं। हालात तनावपूर्ण हैं और सुरक्षा बल स्थिति को काबू में करने की कोशिश कर रहे हैं।”
सैकड़ों लोग सुरक्षित स्थानों की ओर भागे
पिछले दो दिनों में लितान सारेखोंग और आसपास के कुकी गांवों से सैकड़ों कुकी और तंगखुल नगा ग्रामीण, जिनमें महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं, सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर चुके हैं।
कई ग्रामीणों ने कुकी-बहुल कांगपोकपी ज़िले के मोटबुंग और साइकुल क्षेत्रों में शरण ली है।
घायल लोगों को इंफाल स्थित रीजनल इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज़ (RIMS) में भर्ती कराया गया है। मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने अस्पताल जाकर घायलों से मुलाकात की और शांति बनाए रखने की अपील की।
प्रशासनिक और राजनीतिक पहल
उखरुल के ज़िलाधिकारी आशीष दास के मुताबिक, “सोमवार रात करीब 20 घर जला दिए गए। तेज हवाओं के कारण आग तेजी से फैल गई।”
हालात सामान्य करने के प्रयास में दोनों समुदायों के नागरिक समाज के नेताओं के बीच बैठक भी हुई, जिसमें उपमुख्यमंत्री लोसी दीखो, स्थानीय विधायक राम मुइवाह और साइकुल के विधायक किमनियो हैंगशिंग हाओकिप शामिल हुए। हालांकि बैठक के तुरंत बाद फिर से आगजनी की घटना हुई, जिसमें 7–8 घर जल गए।
बताया जा रहा है कि हिंसा की शुरुआत शनिवार रात एक तंगखुल नगा व्यक्ति के साथ कथित मारपीट की घटना से हुई। इसके बाद रविवार को दोनों समुदायों के बीच तनाव बढ़ा, पत्थरबाज़ी हुई और कई लोग, जिनमें एक पुलिसकर्मी भी शामिल है, घायल हुए। रात में आगजनी और कथित गोलीबारी की घटनाएं सामने आईं।
सड़क संपर्क बाधित, हेलीकॉप्टर सेवा शुरू
हिंसा के चलते उखरुल और इंफाल घाटी के बीच सड़क संपर्क बाधित हो गया है। आम लोगों की आवाजाही के लिए राज्य सरकार ने इंफाल–उखरुल–इंफाल मार्ग पर विशेष हेलीकॉप्टर उड़ान शुरू की है। बुधवार के लिए दो अतिरिक्त हेलीकॉप्टर उड़ानों की भी योजना बनाई गई है।
NEWSANP के लिए ब्यूरो रिपोर्ट

