हजारीबाग(HAZARIBAGH): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हजारीबाग दौरे ने कई लोगों को अपनी ओर आकर्षित किया है, लेकिन कोडरमा जिले के डोमचांच प्रखंड से आई मां-बेटी की जोड़ी विशेष ध्यान खींच रही है. सरिता देवी और उनकी बेटी कुसुम कुमारी, अपने गांव से पैदल यात्रा कर हजारीबाग पहुंची हैं, ताकि प्रधानमंत्री के सामने अपनी खास मांगें रख सकें. उनके पास एक तख्ती है, जिस पर उनकी मांगें लिखी हैं, और वे पूरी उम्मीद के साथ प्रधानमंत्री का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास कर रही हैं.
पैदल यात्रा की प्रेरक कहानी:
कुसुम कुमारी ने लोकल 18 को बताया कि वह और उनकी मां 30 सितंबर को अपने गांव से झारखंड के पशुपालन मंत्री से मिलने के लिए पैदल निकली थीं. लेकिन रास्ते में उन्हें पता चला कि प्रधानमंत्री मोदी का कार्यक्रम हजारीबाग में होने वाला है. इस खबर ने उनके इरादे को और मजबूत किया, और वे वापस हजारीबाग आ गईं. उनका उद्देश्य प्रधानमंत्री के सामने अपनी विशेष मांगों को रखना है, जो कोडरमा जिले में पशुओं की चिकित्सा सुविधाओं से जुड़ी हैं.
यह हैं उनकी मांगें:
कुसुम कुमारी ने बताया कि उनकी सबसे बड़ी मांग कोडरमा जिले में पशु एंबुलेंस की सुविधा उपलब्ध कराना है. उनका मानना है कि गौ माता और अन्य पशुओं की जान अक्सर इलाज के अभाव में चली जाती है. वे चाहती हैं कि कोडरमा में बड़े पशु अस्पताल और अच्छे सर्जन डॉक्टरों की व्यवस्था हो, ताकि पशुओं को समय पर चिकित्सा सहायता मिल सके. कुसुम का कहना है कि ये सेवाएं न होने की वजह से क्षेत्र में पशुओं की मृत्यु दर बढ़ रही है, और उन्हें बचाने के लिए यह कदम आवश्यक है.
प्रधानमंत्री से मिलने का प्रयास:
कुसुम ने आगे बताया कि यह पहली बार नहीं है जब उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से मिलने का प्रयास किया है. इससे पहले भी वह कोडरमा से पैदल यात्रा करके वृंदावन और प्रधानमंत्री कार्यालय तक पहुंची थीं, लेकिन उस समय वह प्रधानमंत्री से मिल नहीं सकी थीं. इस बार, हजारीबाग में आयोजित कार्यक्रम में वह फिर से अपनी मांगें सीधे प्रधानमंत्री के सामने रखना चाहती हैं, ताकि कोडरमा जिले के पशुओं के लिए बेहतर चिकित्सा सुविधाएं मुहैया हो सकें.
प्रधानमंत्री से जुड़ी उम्मीदें:
सरिता देवी और कुसुम कुमारी की यह प्रेरणादायक यात्रा न सिर्फ उनकी हिम्मत और संकल्प को दर्शाती है, बल्कि यह भी बताती है कि जनता को अपने नेताओं से किस प्रकार की उम्मीदें हैं. वे चाहती हैं कि प्रधानमंत्री मोदी उनके जिले में पशुओं के लिए सुविधाओं को बढ़ाएं, जिससे गौ माता और अन्य पशु सुरक्षित रह सकें..
NEWSANP के लिए हजारीबाघ से ब्यूरो रिपोर्ट

