झरिया(JHARIA):पहले म से बच्चें मां बोलते थे। आज के बच्चें म से मोबाइल बोलते हैं, समझते हैं। आज के प्रवचन में आचार्य ज्ञेय सागर जी महाराज ने कहा।
जब तक सूरज चांद रहेगा, गुरु जनों का सम्मान रहेगा।
के नारों की गूंज से पुरा झरिया कोयलांचल गूंज उठा। मौका था झरिया की पावन धरा पर जैन संत आचार्य श्री ज्ञेय सागर जी और मुनि नियोग सागर जी के आगमन पर।
मुनि संघ का आगमन रघुनाथपुर बंगाल से हुआ है और वे पारसनाथ धाम मधुबन जा रहें है।
आज उनका आहार चर्या अनिल कुमार जैन के घर पर हुआ।आज उन्होंने अपने संबोधन, भक्तामर विधान, प्रवचन कार्यक्रम का आयोजन किया था।
उपस्तीथ एक महिला ने कहा गुरुदेव मेरे दोनो बच्चें खाते, सोते हर समय मोबाइल चाहीए। मोबाइल नही तो खाना पिना बंद कर देते है।
आचार्य श्री ने कहा: पहले की मां जब गर्भ धारण करती थीं तो धार्मिक स्थल जाती थी। धार्मिक किताब पढ़ती थी। आज की मां दिन रात मोबाइल में लगी रहती है।
आपको पता है की जब अभिमन्यु गर्भ में था तो उसके पिता अर्जुन ने अपनी पत्नी को चक्रव्यू भेदना सिखाया था और गर्भ में पल रहा बच्चा वो सीख गया।
आज की मां मोबाइल मे रील, शॉर्ट देखती है और बनाती है। तो गर्भ में पल रहा बच्चे को मोबाइल की आदत लग जाती है। वो जन्म से मोबाइल का दीवाना बन जाता है। मां अपना समय गप शप में लगाती है बच्चें को मोबाइल पकड़ा देती है। बच्चा रोया तो उसे गोद में लेकर खिलाने के बजाय उसे मोबाइल पकड़ा देती है। फिर जब बच्चा मोबाइल का आदी हो जाता है। तो मां को लगता हैं बच्चा बिगड़ गया है।
आप सभी माता बहनों से निवेदन है अनुरोध है कि अगर अपना, अपने परिवार, अपने बच्चें का भला चाहती है तो बच्चों के सामने और वैसे भी मोबाइल का कम से कम उपयोग करें। ये आपके सुखद भविष्य के लिए बहुत ही ज्यादा जरूरी है।
उन्होंने सभी के सुख समृद्धि की कामना की और उपस्थित जन समुह को आशीर्वाद दिया।
सुबह 7.30 बजे मुनि संघ का दिगंबर जैन मंदिर झरिया में शुभ आगमन हुआ।9.00 बजे तक पुजा हुई। शाम 2 बजे से 4 बजे तक “भक्तामर स्तोत्र विधान” आचार्य श्री के सानिध्य में संपन्न हुआ।
संघपति सतेन्द्र कुमार जैन और उनके साथीयों का दिगंबर जैन समाज ने अभिनंदन किया। शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया।4.30 बजे मुनि संघ का कतरास की तरह विहार हो गया।
आज के कार्यक्रम में जैन महिला मंडल झरिया की पाना देवी जैन, सोनिया जैन, सिम्पल जैन, रेखा जैन, विमला जैन, निलम जैन, उषा जैन, महक जैन, विशाखा जैन, राशि जैन, दीक्षा जैन, मानवी, कनिष्का ने उल्लेखनीय योगदान दिया।
NEWSANP के लिए भोला बाउरी की रिपोर्ट

