झारखण्ड(JHARKHAND): मुख्यमंत्री ने दुमका में झारखण्ड फ़्लाईंग इंस्टीट्यूट युवाओं को समर्पित किया। अब युवा प्रशिक्षण प्राप्त कर पायलट बन सकेंगे। 30 युवाओं का चयन प्रतियोगिता परीक्षा के जरिय होगा। 15 आरक्षित वर्ग के युवाओं को राज्य सरकार शत-प्रतिशत स्कॉलरशिप पर प्रशिक्षण देगी।
मुख्यमंत्री ने कहा 2008 में इस संस्थान को स्थापित करने के लिए आधारशिला रखी गई थी। उस समय इस संस्थान को आगे बढ़ाने के बजाय, इसको बंद डब्बे में डाल दिया। ऐसे संस्थानों को पूर्व में निरंकुश करने का काम किया गया। रजत जयंती के अवसर पर हमने सोचा कि कहां से लंबी लेकिन खींचना शुरू करें तो हमने सोचा कि संताल परगना से लकीर खींचना शुरू करते हैं। इस लकीर को हम राजधानी रांची और दिल्ली तक भी लेकर जाने का काम करेंगे। सभी पदाधिकारी को समय सीमा के अंदर कार्य करना होगा। समय सीमा के अंदर पदाधिकारी कार्य नहीं करेंगे तो वे दंड के भागी बनेंगे। उन्हें दंडित किया जाएगा। कार्यशैली बदलनी पड़ेगी। उनको जिम्मेदारी पूरी ईमानदारी से लेनी होगी और जिम्मेदारी जनता की सेवा है। हम लोगों ने 25 वर्ष से पूरा किया है।अब हमारी गति और तेज होनी चाहिए। मुझे उम्मीद है कि राज्य के नौजवान, किसान, मजदूर सभी कदम से कदम मिलाकर तेजी से आगे बढ़ेंगे। आप एक हाथ आगे कीजिए हम आपके दोनों हाथ थाम कर एक साथ आगे बढ़ने का कार्य करेंगे।
NEWSANP के लिए ब्यूरो रिपोर्ट

